राजस्थान पुलिस ने जोधपुर में एक पूर्व NSG कमांडो को गिरफ्तार किया है। उसके पास से **6 किलो** अफीम और **₹1.06 करोड़** से ज़्यादा कैश बरामद हुआ है। यह कार्रवाई राज्यव्यापी नशीले पदार्थों की धरपकड़ का हिस्सा है, जिससे संदिग्ध तस्करी नेटवर्क का खुलासा हुआ है। अधिकारी अब पकड़े गए शख्स से पूछताछ कर रहे हैं ताकि पैसों और ड्रग्स के सोर्स का पता लगाया जा सके।
ड्रग्स तस्करी के तार
राजस्थान पुलिस ने राज्य भर में नशीले पदार्थों के नेटवर्क के खिलाफ ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए जोधपुर में एक पूर्व राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (NSG) कमांडो को गिरफ्तार किया है। गुरुवार देर रात बंनाड़ इलाके में हुई छापेमारी के दौरान, पुलिस ने पूर्व सैनिक रतन सिंह के घर से करीब 6 किलोग्राम अफीम और ₹1.06 करोड़ से ज़्यादा की नकदी बरामद की।
पूछताछ और जांच
उप पुलिस आयुक्त (पूर्व) मनीष चौधरी के मुताबिक, आरोपी 2021 तक असम राइफल्स में तैनात था, जिसके बाद उसने जोधपुर में कॉन्ट्रैक्टिंग का काम शुरू किया। जांचकर्ता इस बात की पड़ताल कर रहे हैं कि क्या ड्रग्स की तस्करी के तार मणिपुर में उसकी सर्विस के दौरान बने संपर्कों से जुड़े हैं। आरोपी ने दावा किया है कि इतनी बड़ी रकम वैध कारोबारी सौदों से आई है, लेकिन पुलिस ने जांच के तहत सारी नकदी जब्त कर ली है। देर रात हुई इस कार्रवाई में नोट गिनने की मशीन न होने के कारण घंटों तक हाथ से नोट गिने गए।
राज्यव्यापी नार्कोटिक्स क्रैकडाउन
जोधपुर की यह कार्रवाई राज्य भर में ड्रग्स सप्लाई चेन को तोड़ने के पुलिस के बड़े अभियान का हिस्सा है। एक अलग घटना में, जाजीवाल इलाके में पुलिस ने रामनिवास बिश्नोई नाम के एक व्यक्ति को हिरासत में लिया और उसके पास से 6 किलो अफीम व ₹6 लाख कैश जब्त किया। इसके अलावा, डंगियावास पुलिस स्टेशन क्षेत्र में हुई तीसरी छापेमारी में, पुलिस ने एक गाड़ी से 40 किलो से ज़्यादा पोस्त (जिसे स्थानीय भाषा में 'डोडा' भी कहते हैं) बरामद किया। इस मामले में बालोतरा निवासी दिनेश बिश्नोई को गिरफ्तार किया गया है।
आगे की कार्रवाई
यह घटनाएं इस बात को रेखांकित करती हैं कि अधिकारी अंतर-राज्यीय ड्रग्स तस्करी नेटवर्क की पहचान करने और उन्हें खत्म करने पर ध्यान केंद्रित कर रहे हैं। आने वाले दिनों में पकड़े गए आरोपियों से पूछताछ के नतीजों पर सबकी नजर रहेगी, जिससे नशीले पदार्थों के स्रोत और तस्करी नेटवर्क के विस्तार का पता चल सकता है। पुलिस को जब्त की गई संपत्ति की फोरेंसिक और वित्तीय जांच जारी रहने के साथ ही आगे की जानकारी देने की उम्मीद है।
