क्रिप्टो मार्केट में नई हलचल! इस हफ्ते आ सकता है नया ड्राफ्ट, जानें क्या होंगे नियम

LAWCOURT
Whalesbook Logo
AuthorSaanvi Reddy|Published at:
क्रिप्टो मार्केट में नई हलचल! इस हफ्ते आ सकता है नया ड्राफ्ट, जानें क्या होंगे नियम

अमेरिकी सांसदों की ओर से डिजिटल एसेट मार्केट क्लैरिटी एक्ट (Digital Asset Market Clarity Act) का नया ड्राफ्ट इसी हफ्ते जारी होने की उम्मीद है। इस बिल का मकसद क्रिप्टो सेक्टर के लिए नियमों का खाका तैयार करना है, लेकिन अभी भी कई अड़चनें बाकी हैं।

अमेरिकी सांसदों ने क्रिप्टोकरेंसी बाजार को रेगुलेट करने की दिशा में एक बड़ा कदम उठाया है। इसी हफ्ते 'डिजिटल एसेट मार्केट क्लैरिटी एक्ट' (Digital Asset Market Clarity Act) का नया ड्राफ्ट जारी होने की संभावना है। इस नए ड्राफ्ट में सीनेट की बैंकिंग और कृषि समितियों के पिछले प्रस्तावों को एक साथ लाने की कोशिश की गई है, ताकि कानून बनाने की प्रक्रिया को आसान बनाया जा सके।

कानून की राह में रोड़े

हालांकि, इस कंसोलिडेशन के बावजूद, बिल को अभी भी कई बड़ी मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है। माना जा रहा है कि नए ड्राफ्ट में करीब 70 पेज का इजाफा होगा, लेकिन इसमें एथिक्स से जुड़ा कोई प्रावधान शामिल नहीं है। साथ ही, बिल पर अभी तक कोई आम सहमति नहीं बन पाई है। इन कमियों की वजह से, यह बिल अभी सीनेट में वोटिंग के लिए तैयार नहीं है। समर्थकों की कोशिश है कि जुलाई 2026 तक इसे सीनेट में पेश कर दिया जाए। बिल को पास कराने के लिए कम से कम 60 वोटों की जरूरत होगी, जिसमें डेमोक्रेटिक पार्टी के कम से कम 7 सांसदों का समर्थन हासिल करना होगा, जो मौजूदा राजनीतिक माहौल में मुश्किल लग रहा है।

राजनीतिक दांव-पेंच और बाजार पर असर

यह कवायद अमेरिकी राष्ट्रपति चुनाव से ठीक पहले हो रही है, जो इसे और भी राजनीतिक रूप से संवेदनशील बनाती है। पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के क्रिप्टो सेक्टर में व्यक्तिगत वित्तीय हितों पर भी सबकी नजरें हैं कि इसका वोटिंग पर क्या असर पड़ता है। व्हाइट हाउस की भागीदारी अब तक मिली-जुली रही है, लेकिन अगर मुख्य कानूनी मतभेद सुलझ जाते हैं तो इसमें बढ़ोतरी की उम्मीद है।

क्रिप्टो इंडस्ट्री के लिए एक अच्छी खबर यह है कि एक अलग हाउसिंग बिल में एक प्रावधान जोड़ा गया है, जो फेडरल रिजर्व को अगले 4 सालों तक सेंट्रल बैंक डिजिटल करेंसी (CBDC) लॉन्च करने से रोकेगा। इस मुद्दे को व्यापक क्रिप्टो लेजिस्लेशन से अलग करके, सांसदों ने 'डिजिटल एसेट मार्केट क्लैरिटी एक्ट' के लिए रास्ता आसान कर दिया है। निवेशकों और बाजार सहभागियों को इस नए ड्राफ्ट पर नजर रखनी चाहिए, खासकर एथिक्स से जुड़े क्लॉज और किसी भी नए द्विदलीय समझौते पर, क्योंकि ये ही तय करेंगे कि बिल आने वाले हफ्तों में वोटिंग के लिए आगे बढ़ पाता है या नहीं।

Disclaimer:This article is published for informational purposes only. While reasonable efforts are made to ensure accuracy, completeness, and timeliness, readers are encouraged to independently verify information before making any decisions based on the content. The views and information presented are subject to editorial review and may be updated without notice.