भारतीय शेयर बाजार के लिए यह हफ्ता बेहद अहम रहने वाला है। रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की ब्याज दरों पर होने वाले फैसले और जुलाई महीने के ऑटो सेल्स के आंकड़े बाजार की दिशा तय करेंगे। इसके अलावा, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, टाइटन और हीरो मोटोकॉर्प जैसी बड़ी कंपनियों के जून तिमाही के नतीजे भी सामने आएंगे, साथ ही कई नए IPO भी बाजार में दस्तक देंगे।
RBI की पॉलिसी पर टिकी निगाहें
अगस्त की शुरुआत के साथ ही भारतीय वित्तीय बाज़ार एक एक्शन से भरपूर हफ्ते के लिए तैयार हैं। इस हफ्ते कई बड़े फैसले और आंकड़े सामने आने वाले हैं। बाज़ार की दिशा तय करने में सबसे अहम भूमिका रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी की रहेगी, जिसमें केंद्रीय बैंक प्रमुख ब्याज दरों पर अपना फैसला सुनाएगा। इसके साथ ही, RBI बैंक क्रेडिट और डिपॉजिट ग्रोथ के जुलाई 24 तक के आंकड़े भी जारी करेगा, जिससे बैंकिंग सेक्टर में लिक्विडिटी की स्थिति समझने में मदद मिलेगी।
कंपनियों के नतीजे और ऑटो सेक्टर
कॉर्पोरेट जगत में जून तिमाही के नतीजों का दौर जारी है। इस हफ्ते स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI) और लाइफ इंश्योरेंस कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया (LIC) जैसी दिग्गज कंपनियों के नतीजे आने हैं, जो फाइनेंशियल सर्विसेज इंडस्ट्री के स्वास्थ्य का अंदाज़ा देंगे। कंज्यूमर सेक्टर में, टाइटन कंपनी और ब्रिटानिया इंडस्ट्रीज के नतीजे आने वाले हैं, जो ग्रामीण और शहरी मांग के रुझान पर प्रकाश डालेंगे।
ऑटोमोबाइल और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर भी चर्चा में रहेंगे। ऑटो निर्माता जुलाई के लिए अपने होलसेल डिस्पैच नंबर जारी करेंगे। ये आंकड़े इसलिए महत्वपूर्ण हैं क्योंकि ये अक्सर कंज्यूमर डिमांड और मैन्युफैक्चरिंग सप्लाई चेन के स्वास्थ्य के लिए एक प्रमुख संकेतक के रूप में काम करते हैं। इसके अलावा, HSBC दोनों मैन्युफैक्चरिंग और सर्विसेज के लिए फाइनल परचेजिंग मैनेजर्स इंडेक्स (PMI) डेटा जारी करेगा, जो महीने भर की व्यावसायिक गतिविधि के स्तर का एक पैमाना प्रदान करेगा।
नए IPOs का धमाका
निवेशक प्राइमरी मार्केट में भी खास गतिविधि पर नजर रखेंगे। इस हफ्ते मणिपाल हेल्थ एंटरप्राइजेज, जुनिपर ग्रीन एनर्जी और एमवी इलेक्ट्रोसिस्टम्स के स्टॉक मार्केट में डेब्यू का इंतज़ार है। इसके अलावा, अर्दी इंडस्ट्रीज का इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) सब्सक्रिप्शन के लिए खुलेगा। बाज़ार सहभागियों की नज़र इस पर रहेगी कि क्या ये लिस्टिंग IPO स्पेस में मौजूदा मोमेंटम बनाए रख पाती हैं, हालांकि सफलता व्यापक बाज़ार सेंटिमेंट और इश्यूअर्स की प्राइसिंग स्ट्रेटेजी पर निर्भर करेगी।
