बाज़ार ने दिन की गिरावट को कैसे किया पार?
भारतीय शेयर बाज़ार के बेंचमार्क इंडेक्स, Sensex और Nifty, ने दिन के निचले स्तरों से एक ज़बरदस्त वापसी करते हुए सत्र को बढ़त के साथ समाप्त किया। S&P BSE Sensex 77 अंक चढ़कर 75,315 के स्तर पर बंद हुआ, वहीं NSE Nifty50 में 6.45 अंकों का मामूली उछाल आया और यह 23,649.95 पर बंद हुआ। इस रिकवरी की मुख्य वजह टेक्नोलॉजी (IT) और बैंकिंग सेक्टर्स में हुई वैल्यू बाइंग (Value Buying) रही।
एनालिस्ट्स की राय: इन्फ्लेशन और भू-राजनीति पर नज़र
Geojit Investments के हेड ऑफ रिसर्च, विनोद नायर, का कहना है कि वैश्विक भू-राजनीतिक तनाव, खासकर अमेरिका-ईरान की स्थिति, चिंता का विषय बनी हुई है। हालांकि, चुनिंदा शेयरों में हुई खरीदारी ने बाज़ार को शुरुआती गिरावट से उबारा है। नायर ने यह भी जोड़ा कि मौजूदा अर्निंग सीज़न (Earnings Season) सकारात्मक संकेत दे रहा है, लेकिन निवेशकों को अभी भी सावधानी बरतने की सलाह है।
महंगाई की चिंता बढ़ी
बढ़ती बॉन्ड यील्ड्स, कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और कमजोर भारतीय रुपये के कारण महंगाई (Inflation) का दबाव निवेशकों के लिए एक बड़ी चिंता बना हुआ है। इन कारकों के चलते महंगाई को लेकर उम्मीदें ऊंची बनी हुई हैं। नायर के अनुसार, निवेशक बाज़ार की दिशा स्पष्ट होने का इंतज़ार करने के बजाय, निर्यात-उन्मुख क्षेत्रों (Export-Oriented Sectors) को तरजीह देते हुए, निवेश के लिए एक चरणबद्ध दृष्टिकोण (Staggered Approach) अपना रहे हैं।
आगे का रास्ता: भू-राजनीति और बाज़ार की दिशा
बाज़ार में टिकाऊ तेज़ी के लिए भू-राजनीतिक घटनाक्रम महत्वपूर्ण साबित होंगे। ईरान के परमाणु भंडार और अंतर्राष्ट्रीय प्रतिबंधों को लेकर कूटनीतिक वार्ता में कोई बड़ी सफलता बाज़ार की अस्थिरता को काफी हद तक शांत कर सकती है और मजबूत ऊपरी रुझानों का समर्थन कर सकती है।