Indian Stocks Lag Global Peers Amid Uncertainty; Pricing Power is Key

ECONOMY
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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Indian Stocks Lag Global Peers Amid Uncertainty; Pricing Power is Key
Overview

वैश्विक बाज़ार एआई (AI) की तेज़ी और कम होती भू-राजनीतिक चिंताओं के चलते नई ऊंचाइयों को छू रहे हैं। हालांकि, भारत का शेयर बाज़ार पिछड़ रहा है, जिसका एक बड़ा कारण एआई (AI) सेक्टर में इसका सीमित दखल है। भारतीय निवेशकों के लिए, अब ध्यान ऐसी कंपनियों पर केंद्रित हो रहा है जो अपनी मज़बूत प्राइसिंग पावर (Pricing Power) और ठोस घरेलू मांग के दम पर बढ़ती लागतों और बाहरी झटकों का सामना कर सकती हैं।

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ग्लोबल बाज़ारों में उछाल, भारत पीछे क्यों?

दुनिया भर के प्रमुख शेयर बाज़ार एआई (AI) में तेज़ी और मध्य पूर्व में तनाव कम होने की उम्मीदों से नई ऊंचाइयां छू रहे हैं। इन वजहों से परिसंपत्ति की कीमतों में उछाल आया है और तेल की कीमतों में भी नरमी आई है। इसके विपरीत, भारत का शेयर बाज़ार इस उछाल में शामिल नहीं हो पा रहा है, मुख्य रूप से इसलिए क्योंकि एआई (AI) क्रांति में भारतीय कंपनियों की भागीदारी बहुत कम है।

भू-राजनीतिक अनिश्चितता से बढ़ी सप्लाई चेन की लागत

लगातार बनी हुई भू-राजनीतिक अनिश्चितता सप्लाई चेन (Supply Chain) पर दबाव को लेकर चिंताएं बढ़ा रही है। न्यूयॉर्क फेडरल रिजर्व के ग्लोबल सप्लाई चेन प्रेशर इंडेक्स (Global Supply Chain Pressure Index) 2022 के बाद अपने उच्चतम स्तर पर पहुंच गया है। यह शिपिंग लागत में वृद्धि और संभावित महंगाई का संकेत देता है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस साल कमोडिटीज़ (Commodities) पर 'युद्ध प्रीमियम' (War Premium) लग सकता है, जो मौजूदा आर्थिक जोखिमों को और बढ़ाएगा।

बढ़ती लागतों से निपटने में 'प्राइसिंग पावर' की अहमियत

इस अस्थिर माहौल में, भारतीय निवेशकों के लिए कंपनी-दर-कंपनी के आधार पर रणनीति बनाना महत्वपूर्ण है। वे कंपनियां जो प्रभावी ढंग से कीमतें बढ़ा सकती हैं (यानी, जिनके पास मजबूत प्राइसिंग पावर है) वे बढ़ती इनपुट लागतों को सोखने के लिए बेहतर स्थिति में हैं। आरती इंडस्ट्रीज (Aarti Industries) और नविन फ्लोरीन (Navin Fluorine) जैसी कंपनियां इस क्षमता का प्रदर्शन करती हैं, जो चुनौतीपूर्ण बाज़ार स्थितियों का कुशलता से सामना कर रही हैं। मैरिको (Marico) जैसी कंपनियां उम्मीद कर रही हैं कि FY27 तक उनके लाभ मार्जिन में सुधार होगा, जिसका एक कारण इनपुट खर्चों में कमी भी है।

मज़बूत घरेलू मांग का सहारा

घरेलू बाज़ार के भीतर प्रीमियम उत्पादों पर ध्यान केंद्रित करना एक ज़रूरी रक्षात्मक रणनीति है। हीरो मोटोकॉर्प (Hero MotoCorp) और बजाज ऑटो (Bajaj Auto) जैसी कार निर्माता कंपनियां, अपने इलेक्ट्रिक वाहन विस्तार और निर्यात वृद्धि के साथ, लाभ मार्जिन की रक्षा के लिए इस प्रवृत्ति का लाभ उठा रही हैं। एसजेएस एंटरप्राइजेज (SJS Enterprises) के पास एक मज़बूत ऑर्डर बुक है और यह प्रीमियम पेशकशों व नए ऑटोमोटिव ग्राहकों द्वारा संचालित महत्वपूर्ण वृद्धि का लक्ष्य रखती है।

एआई (AI) को अपनाना और ऑर्डर बैकलॉग बढ़ाएंगे लचीलापन

हालांकि एआई (AI) की दौड़ में सबसे आगे नहीं हैं, भारतीय कंपनियां उत्पादकता बढ़ाने के लिए एआई (AI) को अपना रही हैं, जैसा कि कोफोर्ज (Coforge) और मे शो (Meesho) जैसी कंपनियों में देखा गया है। इसके अलावा, बड़ी ऑर्डर बैकलॉग वाली फर्में अल्पकालिक बाज़ार के उतार-चढ़ाव के खिलाफ एक बफर का काम करती हैं। लार्सन एंड टुब्रो (Larsen & Toubro) मध्य पूर्व संघर्षों से अल्पकालिक संभावित प्रभावों को नोट करता है, लेकिन अपने मज़बूत बैकलॉग और रणनीतिक योजनाओं के कारण लंबे समय तक आत्मविश्वास से भरा हुआ है। जेन टेक (Zen Tech) भी अपने मजबूत ऑर्डर बुक और नए उत्पाद लॉन्च से वृद्धि का अनुमान लगा रही है।

आकर्षक मूल्यांकन के बीच वित्तीय फर्मों का प्रदर्शन

चोलामंडलम इन्वेस्टमेंट (Cholamandalam Investment), सीएसबी बैंक (CSB Bank) और एमएएस फाइनेंशियल (MAS Financial) जैसी वित्तीय सेवा कंपनियां लचीलापन दिखा रही हैं। वे बेहतर लोन क्वालिटी और अनुकूल आर्थिक रुझानों से लाभान्वित हो रही हैं। मूल्यांकन भी अधिक आकर्षक हो रहे हैं, जिसमें कुछ फर्में जैसे सीएएमएस (CAMS) और कोटक महिंद्रा बैंक (Kotak Mahindra Bank) बाज़ार में गिरावट और नियामक समायोजनों के बाद उचित मूल्य पर दिख रही हैं। हालांकि, डी-मार्ट (D-Mart) के बारे में यह सवाल बना हुआ है कि क्या उसकी मौजूदा शेयर कीमत उसके विकास की संभावनाओं को पूरी तरह से दर्शाती है।

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.