क्रिप्टो मार्केट में भारी गिरावट! भू-राजनीतिक तनाव और शेयर बाज़ार से जुड़ाव बना वजह, Bitcoin और Ether धड़ाम

ECONOMY
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AuthorAditi Chauhan|Published at:
क्रिप्टो मार्केट में भारी गिरावट! भू-राजनीतिक तनाव और शेयर बाज़ार से जुड़ाव बना वजह, Bitcoin और Ether धड़ाम
Overview

भू-राजनीतिक तनाव और शेयर बाज़ार से क्रिप्टो के बढ़ते जुड़ाव के चलते मंगलवार, 26 मार्च 2026 को क्रिप्टोकरेंसी मार्केट में बड़ी गिरावट देखी गई। Bitcoin की कीमत **$70,000** के करीब आ गई, जबकि Ether **$2,100** के स्तर पर पहुँच गया।

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क्रिप्टो का शेयरों से गहरा नाता

26 मार्च 2026 को क्रिप्टोकरेंसी मार्केट का ट्रेडिशनल रिस्क एसेट्स (Risk Assets) के साथ गहरा जुड़ाव देखा गया। Bitcoin 70,000 डॉलर के करीब लुढ़क गया, वहीं Ether 2,100 डॉलर के स्तर को बनाए रखने के लिए संघर्ष करता दिखा। इसी दौरान Nasdaq 100 फ्यूचर्स में भी गिरावट आई। यह सिंक (Sync) एक बड़े बदलाव को दर्शाता है: मार्च 2026 में Bitcoin का Nasdaq के साथ कोरिलेशन (Correlation) बढ़कर 0.13 हो गया, जो पहले के समय के बिलकुल विपरीत है जब यह ज़्यादा स्वतंत्र रूप से काम करता था। 'डिजिटल गोल्ड' वाली थ्योरी कमज़ोर पड़ती दिख रही है, क्योंकि Bitcoin अब इक्विटी (Equities) के साथ ही चल रहा है और अक्सर शेयर बाज़ार के गिरने पर और तेज़ी से गिरता है।

भू-राजनीतिक चिंताओं से बढ़ी महंगाई और रिस्क से दूरी

मध्य पूर्व (Middle East) में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव, खासकर अमेरिकी-ईरानी बातचीत के ठप्प पड़ने से, ग्लोबल मार्केट पर गहरा असर पड़ा। लम्बे संघर्ष की आशंका ने सीधे एनर्जी मार्केट्स को प्रभावित किया, जिससे तेल की कीमतें 91-93 डॉलर के बीच बनी रहीं। एनर्जी की कीमतों में यह दबाव इंफ्लेशन (Inflation) की चिंताओं को बढ़ाता है, जिससे क्रिप्टोकरेंसी जैसे स्पेकुलेटिव एसेट्स (Speculative Assets) और भी ज़्यादा वल्नरेबल (Vulnerable) हो जाते हैं। निवेशकों में रिस्क से बचने की प्रवृत्ति (Risk Aversion) बढ़ी है, जिससे आमतौर पर पैसा ज़्यादा जोखिम वाले सेगमेंट्स से बाहर निकल जाता है। क्रिप्टो सेक्टर, जो मैक्रो-इकोनॉमिक शिफ्ट्स (Macro-Economic Shifts) और लिक्विडिटी (Liquidity) के प्रति संवेदनशील है, इस स्थिति में फंस गया, क्योंकि इक्विटी से इसका बढ़ा हुआ कोरिलेशन इन मैक्रो चिंताओं के प्रति इसके एक्सपोजर (Exposure) को बढ़ा देता है।

Bitcoin दबाव में सीमित दायरे में

नई ऊंचाइयों को छूने की कोशिशों के बावजूद, Bitcoin फरवरी की शुरुआत से काफी हद तक उसी प्राइस रेंज (Price Range) में बना हुआ है, जो बाज़ार में मज़बूत बाइंग कनविक्शन (Buying Conviction) की कमी का संकेत देता है। मार्केट स्ट्रक्चरल वीकनेसेस (Structural Weaknesses) का सामना कर रहा है। डेरिवेटिव्स (Derivatives) के लिक्विडेशन (Liquidations) ने सेलिंग प्रेशर (Selling Pressure) को बढ़ाया होगा, क्योंकि ओपन इंटरेस्ट (Open Interest) में बढ़ोतरी के साथ कीमतों में गिरावट देखी गई। इसके अलावा, एक स्वतंत्र सेफ हेवन (Safe Haven) के तौर पर क्रिप्टो की नैरेटिव (Narrative) इक्विटी मार्केट्स से इसके मज़बूत जुड़ाव से लगातार चुनौती पा रही है। इस निर्भरता का मतलब है कि ट्रेडिशनल मार्केट्स में बड़ी गिरावट सीधे तौर पर क्रिप्टो में गिरावट लाएगी। ETF के ज़रिए संस्थागत (Institutional) दिलचस्पी बनी हुई है, लेकिन संकेत मज़बूत खरीदारी के बजाय सावधानी बरतने के हैं, जिसमें ETF फ्लोज़ (Flows) मिले-जुले नज़र आ रहे हैं।

ऑल्टकॉइन्स पिछड़े, एनालिस्ट्स Ether के सपोर्ट पर नज़र

दबाव सिर्फ Bitcoin और Ether तक ही सीमित नहीं रहा। ज़्यादातर ऑल्टकॉइन्स (Altcoins) में गिरावट का सबसे ज़्यादा असर देखा गया, जिसमें CoinDesk DeFi Select Index (DFX) जैसे इंडेक्स (Index) ओवरऑल क्रिप्टो मार्केट से पिछड़ गए। एनालिस्ट्स (Analysts) ने Ether के भविष्य को लेकर सावधानी जताई है, और मार्च 2026 के लिए प्राइस टारगेट्स (Price Targets) में काफी भिन्नता देखी गई। $2,073 के आसपास के सपोर्ट लेवल्स (Support Levels) पर बारीकी से नज़र रखी जा रही है। कुछ ऑन-चेन डेटा (On-chain data) में व्हेल एक्यूमुलेशन (Whale Accumulation) के संकेत मिलने के बावजूद, Ether की प्राइस एक्शन (Price Action) संघर्ष कर रही है, जिसमें एग्जॉशन (Exhaustion) के संकेत दिख रहे हैं और यह $2,200 के पास रेजिस्टेंस (Resistance) का सामना कर रहा है। इन चुनौतियों पर काबू पाने की मार्केट की क्षमता भू-राजनीतिक तनाव कम होने और रिस्क एसेट्स से स्पष्ट डिकपलिंग (Decoupling) पर निर्भर करेगी, जो फिलहाल एक असंभावित परिदृश्य (Unlikely Scenario) लगता है।

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.