Sterlite Technologies Limited (STL) ने अपने शेयरधारकों को एक अहम अपडेट दी है। कंपनी ने पुष्टि की है कि हाल ही में Preferential Issue के जरिए जुटाए गए ₹124.58 करोड़ की पूरी रकम 31 मार्च 2026 तक इस्तेमाल कर ली गई है।
इस राशि में से ₹111.3 करोड़ का उपयोग कंपनी ने अपने वित्तीय कर्ज (financial facilities) को चुकाने और सर्विस करने के लिए किया है। वहीं, बाकी बचे ₹13.28 करोड़ का इस्तेमाल सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों (general corporate purposes) के लिए किया गया।
कंपनी का यह कदम निवेशकों के भरोसे को मजबूत करने वाला है। यह साफ करता है कि जुटाए गए पैसों का इस्तेमाल तयशुदा लक्ष्यों के मुताबिक हो रहा है, जिससे कंपनी के कॉर्पोरेट गवर्नेंस (corporate governance) के मानकों पर भी मुहर लगती है।
STL अपनी वित्तीय स्थिति को मजबूत करने के लिए लगातार कदम उठा रही है। इसी कड़ी में, कंपनी ने अप्रैल 2024 में ₹1,000 करोड़ का QIP (Qualified Institutional Placement) भी पूरा किया था, जिसका मकसद बैलेंस शीट को मजबूत करना और ग्रोथ पहलों को बढ़ावा देना था। इसके अलावा, फरवरी 2026 में ₹498.3 करोड़ के प्रेफरेंशियल वारंट इश्यू (preferential warrant issue) को भी मंजूरी मिली थी, जिसके फंड का इस्तेमाल कर्ज चुकाने और कॉर्पोरेट कामों के लिए ही तय किया गया था। इन कदमों से STL अपने कर्ज को कम करने और ऑप्टिकल व डिजिटल समाधानों (optical and digital solutions) के क्षेत्र में विस्तार पर जोर दे रही है।
STL इस सेक्टर में HFCL Ltd., Birla Cable Ltd., और Aksh Optifibre Ltd. जैसी कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धा करती है।
आगे निवेशकों को कंपनी के भविष्य के फंड के इस्तेमाल, कर्ज के स्तर, वित्तीय स्वास्थ्य और नए बिजनेस डेवलपमेंट पर नजर रखनी चाहिए।
