कंपनी ने कैसे कमाए ₹5,432M रेवेन्यू और ₹960M प्रॉफिट?
Ravindra Energy Limited ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए अपने ऑडिटेड नतीजे जारी किए हैं। नतीजों के अनुसार, कंपनी ने ₹5,432.02 मिलियन का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू और ₹960.85 मिलियन का स्टैंडअलोन प्रॉफिट बिफोर टैक्स (PBT) दर्ज किया है।
ऑडिटर बदले, फंड के इस्तेमाल पर मुहर
कंपनी के बोर्ड ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए M/s. P. G. Bhagwat LLP को इंटरनल ऑडिटर और M/s. A. G. Anikhindi & Co. को कॉस्ट ऑडिटर के तौर पर नियुक्त करने को भी मंजूरी दी है। मॉनिटरिंग एजेंसी रिपोर्ट से यह भी कन्फर्म हुआ है कि कंपनी ने हाल ही में प्रेफरेंशियल इश्यू से जुटाई गई धनराशि का इस्तेमाल स्वीकृत सीमाओं के भीतर ही किया है और इसमें कोई विचलन (deviation) नहीं पाया गया है।
कंपनी का बिजनेस और फंड जुटाना
Murkumbi Group का हिस्सा Ravindra Energy, सोलर पंप और पावर जनरेशन जैसे रिन्यूएबल एनर्जी सॉल्यूशंस पर फोकस करती है। कंपनी इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) इंफ्रास्ट्रक्चर में भी अपनी रुचि बढ़ा रही है। अक्टूबर 2024 में, कंपनी ने प्रेफरेंशियल इश्यू के जरिए ₹180 करोड़ जुटाए थे।
QIP पर लगा ब्रेक, प्रमोटर की हिस्सेदारी में मामूली बदलाव
बाजार की अस्थिरता (volatility) को देखते हुए, कंपनी की फाइनेंस कमेटी ने मार्च 2026 में प्रपोज्ड क्वालीफाइड इंस्टीट्यूशनल प्लेसमेंट (QIP) को फिलहाल होल्ड पर रखने का फैसला किया। वहीं, मार्च 2026 के अंत में, प्रमोटर Khandepar Investments Private Limited ने अपनी लगभग 1.1% हिस्सेदारी बेची और 60 लाख शेयरों पर लगी अपनी गिरवी (pledge) को भी वापस ले लिया।
निवेशकों के लिए क्या है खास?
प्रेफरेंशियल इश्यू से जुटाई गई फंड के सही इस्तेमाल की पुष्टि निवेशकों को कैपिटल डिप्लॉयमेंट को लेकर आश्वस्त करती है। हालांकि, ऑडिटर की रिपोर्ट्स में 'Emphasis of Matter' नोट्स को लेकर कुछ चिंताएं हैं, जिनमें इन्वेस्टमेंट्स के इम्पेयरमेंट, ESOP ग्रांट्स और सब्सिडियरी शेयर की बिक्री पर प्रॉफिट से संबंधित बिंदु शामिल हैं। ये बिंदु एसेट वैल्यूएशन और फाइनेंशियल रिपोर्टिंग एडजस्टमेंट्स पर ध्यान देने की मांग करते हैं।
आगे क्या देखना होगा?
निवेशकों को आने वाले समय में एसोसिएट कंपनी Energy In Motion के इलेक्ट्रिक व्हीकल (EV) वेंचर्स, खासकर इलेक्ट्रिक हैवी कमर्शियल व्हीकल्स (HCVs) के लॉन्च की प्रगति पर नजर रखनी चाहिए। साथ ही, HESCOM द्वारा अवॉर्ड किए गए 62 MW जैसे सोलर प्रोजेक्ट्स का एग्जीक्यूशन भी कंपनी के प्रदर्शन का महत्वपूर्ण पैमाना होगा। इसके अलावा, ऑडिटर के 'Emphasis of Matter' नोट्स पर आगे की जानकारी और QIP के दोबारा शुरू होने की संभावना पर भी निवेशक गौर करेंगे।
Ravindra Energy रिन्यूएबल एनर्जी और टेक्नोलॉजी इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में काम करती है। इसकी तुलना Waaree Renewable Technologies Ltd., SJVN Ltd. और Inox Wind Energy Ltd. जैसी कंपनियों से की जाती है।
