FY26 के नतीजे चमके
Nanta Tech Ltd ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर (FY26) के लिए शानदार नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी की कुल आय 36.88% बढ़कर ₹7,021.50 लाख यानी ₹70.22 करोड़ पर पहुंच गई। वहीं, नेट प्रॉफिट में 74.51% की भारी उछाल आई और यह ₹817.03 लाख या ₹8.17 करोड़ दर्ज किया गया।
हाफ-ईयर परफॉर्मेंस भी दमदार
फाइनेंशियल ईयर की दूसरी छमाही में भी कंपनी का प्रदर्शन मजबूत रहा। इस अवधि में रेवेन्यू 52.17% बढ़कर ₹4,866.33 लाख (₹48.66 करोड़) रहा, जबकि नेट प्रॉफिट ₹597.83 लाख (₹5.98 करोड़) दर्ज किया गया।
RSVP Infotech का अधिग्रहण पूरा
ग्रोथ स्ट्रेटेजी को आगे बढ़ाते हुए Nanta Tech ने मार्च 2026 में RSVP Infotech Solution Private Limited का अधिग्रहण ₹99.36 लाख में पूरा किया। इस कदम से कंपनी की सर्विस ऑफरिंग्स का विस्तार होगा। ऑडिटर्स ने भी कंपनी के फाइनेंसियल स्टेटमेंट्स की सटीकता की पुष्टि करते हुए क्लीन रिपोर्ट दी है।
ग्रोथ के मुख्य कारण और चिंताएँ
मुनाफे और रेवेन्यू में यह प्रभावशाली बढ़ोतरी Nanta Tech के बढ़ते मार्केट प्रेजेंस और ऑपरेशनल एफिशिएंसी को दर्शाती है। RSVP Infotech का अधिग्रहण इनऑर्गेनिक ग्रोथ और डाइवर्सिफिकेशन की ओर एक स्पष्ट संकेत है।
कर्ज के मोर्चे पर बढ़ती चिंताएँ
हालांकि, कंपनी की बैलेंस शीट कुछ चिंताजनक रुझान दिखाती है जिन पर निवेशकों का ध्यान जाना जरूरी है। लॉन्ग-टर्म बॉरोइंग्स (Long-term borrowings) FY25 के ₹49.57 लाख से बढ़कर FY26 में ₹249.32 लाख हो गई है। शॉर्ट-टर्म बॉरोइंग्स (Short-term borrowings) भी ₹0.78 लाख से बढ़कर ₹179.53 लाख हो गई हैं।
ट्रेड रिसीवेबल्स (Trade receivables) लगभग दोगुने होकर FY25 के ₹2,078.70 लाख से FY26 में ₹3,998.65 लाख तक पहुंच गए हैं, जिससे काफी पूंजी फंस गई है और कैश फ्लो कलेक्शन की एफिशिएंसी पर सवाल उठता है। इन्वेंटरी लेवल भी ₹816.72 लाख से बढ़कर ₹1,038.76 लाख हो गई है।
लीवरेज और वर्किंग कैपिटल की इन बढ़ौतरी से कंपनी की फ्यूचर फाइनेंसियल फ्लेक्सिबिलिटी प्रभावित हो सकती है। शेयरहोल्डर्स के लिए अच्छी खबर यह है कि अर्निंग्स पर शेयर (EPS) बढ़कर ₹20.20 हो गया है।
इंडस्ट्री का संदर्भ
Nanta Tech आईटी सर्विसेज सेक्टर में काम करती है, जहां इसका मुकाबला Cigniti Technologies और Kellton Tech Solutions जैसी कंपनियों से है, जो डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन और सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट पर फोकस करती हैं।
