Datamatics Global Services Limited ने घोषणा की है कि वह 1 अप्रैल, 2026 से अपने शेयरों की ट्रेडिंग को अस्थायी रूप से रोक देगी। यह फैसला कंपनी के वित्तीय वर्ष 2025-26 (FY26) के ऑडिटेड नतीजों की घोषणा की तैयारी में लिया गया है।
SEBI (Prohibition of Insider Trading) Regulations, 2015 के नियमों का पालन करते हुए, कंपनी की ट्रेडिंग विंडो 1 अप्रैल, 2026 से बंद रहेगी। इसका मतलब है कि कंपनी के डायरेक्टर्स, डेजिग्नेटेड पर्सन्स (designated persons) और संबंधित व्यक्तियों को कंपनी के शेयरों की खरीद-बिक्री करने की अनुमति नहीं होगी। यह रोक ऑडिटेड नतीजों की घोषणा के 48 घंटे बाद तक जारी रहेगी।
इस कदम का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी गैर-सार्वजनिक (non-public) और मूल्य-संवेदनशील (price-sensitive) जानकारी का दुरुपयोग न हो सके। यह कंपनियों के लिए एक मानक प्रक्रिया है।
Datamatics Global Services IT सेक्टर में काम करती है और डिजिटल टेक्नोलॉजीज, डिजिटल ऑपरेशन्स और डिजिटल एक्सपीरियंसेज पर फोकस करती है। कंपनी AI, Data & Analytics, Cloud & DevOps जैसी सेवाएं प्रदान करती है।
यह चलन IT सेक्टर की अन्य बड़ी कंपनियों में भी आम है। Wipro, Hexaware Technologies, Tata Consultancy Services, और Accenture जैसी कंपनियां भी अपने वित्तीय नतीजों की घोषणा से पहले इसी तरह ट्रेडिंग विंडो बंद करती हैं।
निवेशक अब कंपनी की बोर्ड मीटिंग की तारीख का इंतजार करेंगे, जहाँ FY25-26 के वित्तीय नतीजों को मंजूरी दी जाएगी। इन नतीजों की घोषणा और कंपनी द्वारा दिए जाने वाले किसी भी आउटलुक (outlook) पर बाजार की नजरें रहेंगी।
कंपनी ने स्पष्ट किया है कि यह एक नियमित नियामक अनुपालन (regulatory compliance) उपाय है और इससे जुड़े कोई विशेष जोखिम नहीं हैं।
