बोर्ड को मिलेगी नई मजबूती
Datamatics Global Services के बोर्ड ने दो अनुभवी चेहरों, श्री हितेश गजारीया और श्री नवनीत सिंह को नॉन-एग्जीक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के रूप में शामिल करने की मंजूरी दे दी है। ये नियुक्तियां 5 साल के लिए होंगी और 8 मई 2026 से लागू होंगी। हालांकि, इन नियुक्तियों को अंतिम रूप देने के लिए कंपनी को शेयरधारकों से पोस्टल बैलेट के माध्यम से मंजूरी लेनी होगी।
दिग्गजों का अनुभव आएगा काम
कंपनी का मानना है कि इन नियुक्तियों से बोर्ड की निगरानी क्षमता बढ़ेगी और कंपनी को भविष्य की ग्रोथ के लिए नई दिशा मिलेगी। श्री हितेश गजारीया टैक्सेशन और रेगुलेटरी कंसल्टिंग के क्षेत्र में एक जाना-माना नाम हैं, जो पहले डेलॉइट इंडिया (Deloitte India) में पार्टनर रह चुके हैं। वहीं, श्री नवनीत सिंह ह्यूमन कैपिटल स्ट्रैटेजी और ऑर्गनाइजेशनल ट्रांसफॉर्मेशन के विशेषज्ञ हैं और उन्होंने एक्सेंचर (Accenture) में मैनेजिंग डायरेक्टर के तौर पर काम किया है। उनके अनुभव का सीधा फायदा कंपनी की स्ट्रेटेजिक प्लानिंग और गवर्नेंस को मिलेगा।
कंपनी का बैकग्राउंड और आगे क्या?
Datamatics Global Services एक जानी-मानी आईटी कंसल्टिंग और सर्विसेज फर्म है, जो AI-संचालित डेटा एनालिटिक्स और क्लाउड ट्रांसफॉर्मेशन जैसे क्षेत्रों में डिजिटल सॉल्यूशंस देती है। शेयरधारकों की मंजूरी मिलना ही इन नियुक्तियों में मुख्य रिस्क (Risk) है। LTIMindtree और Mastek जैसी अन्य बड़ी आईटी कंपनियां भी अपने कॉर्पोरेट गवर्नेंस को मजबूत करने के लिए मजबूत इंडिपेंडेंट बोर्ड पर जोर देती हैं। अब निवेशकों की नजरें शेयरधारकों के वोटिंग नतीजों पर टिकी रहेंगी।
