Cambridge Technology Enterprises Limited (CTE) ने अपने बिजनेस स्ट्रक्चर को और बेहतर बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठाया है। कंपनी ने अपनी दो पूरी तरह से मालिकाना हक वाली सब्सिडियरी कंपनियों, R.P. Web Apps Private Limited और CTE Technology Solutions Private Limited, में अपनी पूरी हिस्सेदारी बेच दी है।
यह फैसला कंपनी के ऑपरेशन्स को स्ट्रीमलाइन करने के मकसद से लिया गया है। पिछले फाइनेंशियल ईयर में, R.P. Web Apps Private Limited ने CTE के टर्नओवर में ₹4.84 करोड़ का योगदान दिया था, जो कुल टर्नओवर का 2.4% था। वहीं, इसका नेट वर्थ ₹2.98 करोड़ यानी कंपनी की कुल नेट वर्थ का 4.9% था। दूसरी सब्सिडियरी, CTE Technology Solutions Private Limited का टर्नओवर ₹1.41 लाख और नेट वर्थ ₹1 लाख रहा।
इन संपत्तियों की बिक्री के साथ ही, कंपनी में की मैनेजरियल पर्सनल (KMP) श्री श्रीनिवास शास्त्री तुमुलुरु (Mr. Sreenivasa Sastry Tumuluru) ने 30 मार्च, 2026 से प्रभावी रूप से पद छोड़ दिया है। इसी के साथ, कंपनी ने श्री राज कुमार सहगल (Mr. Raj Kumar Sehgal) को 05 फरवरी, 2026 से होल-टाइम डायरेक्टर नियुक्त करने का प्रस्ताव रखा है। इस नियुक्ति के लिए शेयरहोल्डर्स को पोस्टल बैलेट के जरिए अपनी मंजूरी देनी होगी।
यह कदम इस आईटी सर्विसेज फर्म के लिए काफी महत्वपूर्ण है, क्योंकि पिछले दो सालों में कंपनी ने मार्च 2026 तक ऐसी कोई बड़ी सब्सिडियरी बिक्री या की मैनेजमेंट में बदलाव नहीं किए थे।
नॉन-कोर एसेट्स को बेचना मिड-कैप आईटी सर्विसेज सेक्टर में एक आम स्ट्रैटेजी है। LTIMindtree, Persistent Systems और Cyient जैसी कंपनियां भी अपने पोर्टफोलियो को एडजस्ट करती रहती हैं ताकि स्ट्रैटेजिक फोकस बढ़ाया जा सके और कॉम्पिटिटिव बने रहें। CTE का यह कदम भी इसी इंडस्ट्री प्रैक्टिस के अनुरूप है, जिसका लक्ष्य स्ट्रक्चर को ऑप्टिमाइज़ करना और रिसोर्सेज को कंसंट्रेट करना है।
शेयरों के ट्रांसफर की प्रक्रिया पूरी होने के बाद, R.P. Web Apps Private Limited और CTE Technology Solutions Private Limited, CTE की पूरी तरह से मालिकाना हक वाली सब्सिडियरी नहीं रहेंगी।
निवेशक श्री सहगल की नियुक्ति के लिए पोस्टल बैलेट के नतीजों का इंतजार करेंगे, साथ ही दोनों सब्सिडियरी कंपनियों के शेयर ट्रांसफर की पुष्टि पर भी नजर रखेंगे। इन बदलावों के बाद CTE की विकसित होती स्ट्रैटेजिक दिशा या परफॉर्मेंस को लेकर भविष्य में आने वाली कोई भी घोषणाएं ट्रैक करने के लिए महत्वपूर्ण बिंदु होंगी।
