ASM Technologies ने वित्त वर्ष 2025-26 (FY26) के लिए अपने ऑडिटेड कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजे घोषित किए हैं। कंपनी ने इस अवधि में ₹5,285.17 मिलियन का रेवेन्यू और ₹607.59 मिलियन का नेट प्रॉफिट कमाया है। शेयरधारकों के लिए खुशखबरी देते हुए, कंपनी ने ₹12.00 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड की भी सिफारिश की है।
कंपनी के लिए एक और महत्वपूर्ण कदम यह है कि उसे नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर लिस्टिंग के लिए 'इन-प्रिंसिपल' (in-principle) यानी सैद्धांतिक मंजूरी मिल गई है। इस लिस्टिंग से कंपनी की मार्केट विजिबिलिटी (market visibility) बढ़ेगी और निवेशकों के लिए इसकी पहुंच आसान होगी, जिससे शेयर की लिक्विडिटी (liquidity) भी बेहतर होने की उम्मीद है।
इसके अलावा, वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए M/s. Venu & Vinay Chartered Accountants को इंटरनल ऑडिटर (internal auditor) के तौर पर नियुक्त किया गया है।
हालांकि, कंपनी कुछ चुनौतियों का सामना भी कर रही है। Eclectic IQ और Lavelle Networks Private Limited में किए गए निवेशों का सटीक मूल्यांकन (valuation) प्राप्त करने में दिक्कतें आ रही हैं। कंपनी का मानना है कि इन निवेशों का मूल्य काफी बढ़ा है, लेकिन डेटा प्रतिबंधों के चलते औपचारिक मूल्यांकन संभव नहीं हो पा रहा है।
साथ ही, दो प्रमुख सब्सिडियरीज़ (subsidiaries) – ASM Digital Technologies Pte Ltd और ASM Technologies KK - Japan – ने संचित हानियों (accumulated losses) के कारण अपने नेट वर्थ (net worth) को खो दिया है। इन सब्सिडियरीज़ की देनदारियां (liabilities) उनकी संपत्ति (assets) से ₹23.97 मिलियन और ₹9.61 मिलियन अधिक हैं। कंपनी का प्रबंधन (management) इन मुद्दों को हल करने के लिए एक एक्शन प्लान (action plan) पर काम कर रहा है।
ASM Technologies भारतीय आईटी सेवा क्षेत्र (IT services sector) में TCS, Infosys, Wipro, और LTIMindtree जैसे दिग्गजों के बीच अपनी जगह बना रही है। NSE पर प्रस्तावित लिस्टिंग इसे विशेष रूप से अपने मार्केट सेगमेंट में अधिक पहचान दिलाने में मदद करेगी।
निवेशकों की नजर अब NSE लिस्टिंग प्रक्रिया की प्रगति, विदेशी सब्सिडियरीज़ के वित्तीय स्वास्थ्य को बेहतर बनाने के प्रबंधन के प्लान्स और निवेशों के मूल्यांकन से जुड़े अपडेट्स पर रहेगी।
