ऑडिटर का सर्टिफिकेट: IPO फंड का हुआ सही इस्तेमाल
Bhavik Enterprises Ltd. को अपने Initial Public Offering (IPO) से मिले ₹54.60 करोड़ के फंड के इस्तेमाल को लेकर ऑडिटर से सर्टिफिकेशन मिल गया है। 20 अप्रैल 2026 की तारीख वाले इस सर्टिफिकेट से यह साबित होता है कि 31 मार्च 2026 तक इन पैसों का इस्तेमाल योजना के मुताबिक हुआ है।
कंपनी ने इस फंड का एक बड़ा हिस्सा, यानी ₹47.50 करोड़, अपनी वर्किंग कैपिटल की जरूरतों को पूरा करने में लगाया है। इसके अलावा ₹7.10 करोड़ को जनरल कॉर्पोरेट पर्पज (सामान्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों) के लिए आवंटित किया गया था। रिपोर्ट में यह भी बताया गया है कि जनरल कॉर्पोरेट पर्पज के लिए रखे गए कुछ फंड्स को वर्किंग कैपिटल की मदद के लिए भी इस्तेमाल किया गया।
ऑडिटर्स द्वारा यह स्वतंत्र वेरिफिकेशन (independent verification) पारदर्शिता (transparency) बढ़ाने और निवेशकों का भरोसा मजबूत करने की दिशा में एक अहम कदम है। इससे शेयरधारकों को यकीन हो जाता है कि Bhavik Enterprises अपने IPO कैपिटल को लेकर तय की गई योजनाओं पर चल रही है, जो लिस्टिंग के बाद मैनेजमेंट की वित्तीय अनुशासन (financial discipline) और एग्जीक्यूशन क्षमता को दर्शाता है।
