SEBI के कड़े नियमों का पालन करते हुए, Shakti Pumps (India) Limited ने 1 अप्रैल, 2026 से अपनी ट्रेडिंग विंडो को अस्थायी रूप से बंद करने का फैसला किया है। यह विंडो कंपनी के FY26 के ऑडिटेड फाइनेंशियल नतीजों की घोषणा के 48 घंटे बीत जाने के बाद ही खुलेगी। इस दौरान, कंपनी के खास कर्मचारी और उनके करीबी रिश्तेदार कंपनी के शेयर्स की खरीद-बिक्री नहीं कर पाएंगे।
इनसाइडर ट्रेडिंग पर SEBI का शिकंजा
यह कदम SEBI के 'प्रॉहिबिशन ऑफ इनसाइडर ट्रेडिंग (PIT) रेगुलेशन्स' के तहत उठाया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि किसी भी व्यक्ति को कंपनी के अंदरूनी या गैर-सार्वजनिक वित्तीय नतीजों की जानकारी का नाजायज फायदा उठाने का मौका न मिले। इससे बाजार में निष्पक्षता बनी रहती है और सभी निवेशकों को एक समान अवसर मिलता है।
Q3 FY26 के नतीजे और कंपनी की रणनीति
हाल ही में, 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त हुई तीसरी तिमाही (Q3 FY26) के लिए कंपनी ने अपने नतीजे जारी किए थे। इस तिमाही में, Shakti Pumps का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू (Consolidated Revenue) ₹550.99 करोड़ दर्ज किया गया, जबकि नेट प्रॉफिट (Net Profit) ₹31.70 करोड़ रहा। हालांकि, यह पिछले साल की समान अवधि की तुलना में रेवेन्यू में 15.07% और नेट प्रॉफिट में 69.53% की गिरावट दर्शाता है। इसके साथ ही, EBITDA मार्जिन भी घटकर 10.7% पर आ गया, जो पिछले साल 23.8% था।
कंपनी के अनुसार, Q3 FY26 में एग्जीक्यूशन की गति को जानबूझकर धीमा किया गया था, खासकर महाराष्ट्र जैसे क्षेत्रों में, ताकि रिसीवेबल्स (Receivables) और वर्किंग कैपिटल (Working Capital) को बेहतर ढंग से मैनेज किया जा सके और बैलेंस शीट को मजबूत बनाया जा सके।
कंपनी का इतिहास और जोखिम
1982 में स्थापित Shakti Pumps, एनर्जी-एफिशिएंट पंप्स बनाने वाली एक प्रमुख कंपनी है और 100 से अधिक देशों में अपने उत्पाद एक्सपोर्ट करती है। कंपनी 1996 में BSE पर लिस्ट हुई थी और 2013 में इसने सोलर पंप्स लॉन्च किए।
कंपनी का अतीत नियामक जांचों से भी जुड़ा रहा है। दिसंबर 2022 में SEBI ने इनसाइडर ट्रेडिंग के उल्लंघन के लिए आठ संस्थाओं पर ₹22 लाख का जुर्माना लगाया था। इससे पहले 2018 में 34 संस्थाओं पर ₹1.5 करोड़ का जुर्माना लगाया गया था, जो शेयर्स के वॉल्यूम को कृत्रिम रूप से बढ़ाने से संबंधित था।
आगे क्या?
निवेशक अब FY26 के पूरे साल के वित्तीय नतीजों का बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं। इन नतीजों से कंपनी के प्रदर्शन, चल रही रणनीति और भविष्य की योजनाओं पर और अधिक स्पष्टता मिलने की उम्मीद है। कंपनी का मुकाबला Kirloskar Brothers Ltd. (जिसका मार्केट कैप ₹12,626.02 करोड़ है), Roto Pumps Ltd., और CRI Pumps जैसी कंपनियों से है।
