Nutech Global Ltd ने बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) को आधिकारिक तौर पर यह जानकारी दी है कि कंपनी 31 मार्च 2026 तक भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) के 'लार्ज कॉर्पोरेट' (LC) फ्रेमवर्क के तहत परिभाषित मानदंडों को पूरा नहीं करती है। यह स्पष्टीकरण कंपनी के भविष्य में कर्ज (debt) के जरिए फंड जुटाने की योजनाओं के लिए महत्वपूर्ण है।
कंपनी ने बताया कि वह LC के मानदंडों पर खरी नहीं उतरती है क्योंकि उसकी लॉन्ग-टर्म बॉरोइंग ₹100 करोड़ की सीमा से कम है और उसके पास 'AA' या उससे ऊपर की क्रेडिट रेटिंग भी नहीं है। SEBI ने नवंबर 2018 में यह 'लार्ज कॉर्पोरेट' फ्रेमवर्क पेश किया था ताकि भारत के डेट मार्केट को बढ़ावा मिल सके।
LC कंपनियों के लिए कुछ खास नियम होते हैं, जैसे कि उन्हें अपने सालाना कर्ज का कम से कम 25% डेट सिक्योरिटीज के जरिए जुटाना अनिवार्य होता है। Nutech Global Ltd के इन मानकों को पूरा न करने का मतलब है कि कंपनी इन विशेष कर्ज जारी करने की बाध्यताओं से बाहर रहेगी। इससे संभावित भविष्य के डेट फाइनेंसिंग के लिए कंपनी का रेगुलेटरी कंप्लायंस आसान हो जाएगा और निवेशकों को भी कंपनी की मौजूदा बॉरोइंग स्ट्रक्चर की स्पष्टता मिलेगी।
Nutech Global Ltd पर कुल कर्ज करीब ₹10.34 करोड़ है। हालिया रिपोर्ट के अनुसार, कंपनी का डेट-टू-इक्विटी रेश्यो लगभग 177% था, जो इक्विटी की तुलना में काफी ज्यादा लीवरेज (leverage) को दर्शाता है।
यह कंपनी टेक्सटाइल सेक्टर में काम करती है, जहां इसके कुछ साथी Jagjanani Textiles और Santosh Fine-Fab भी हैं। इस रेगुलेटरी क्लैरिफिकेशन से जुड़े कोई खास जोखिम फिलहाल नहीं बताए गए हैं। निवेशक Nutech Global Ltd की भविष्य की बॉरोइंग योजनाओं पर नजर रखेंगे, साथ ही SEBI के कॉरपोरेट डेट मार्केट नियमों में किसी भी बदलाव या कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन में भविष्य में होने वाले बदलावों पर भी ध्यान देंगे जो इसकी स्थिति को प्रभावित कर सकते हैं।
