यह एक स्टैंडर्ड प्रोसीजर है जो SEBI (Prohibition of Insider Trading) Regulations, 2015 और कंपनी के इंटरनल कोड ऑफ कंडक्ट के तहत आता है। इस ट्रेडिंग विंडो क्लोजर का मुख्य मकसद अनपब्लिश्ड प्राइस-सेंसिटिव इंफॉर्मेशन (Unpublished Price-Sensitive Information) के संभावित दुरुपयोग को रोकना है, ताकि मार्केट इंटीग्रिटी (Market Integrity) बनी रहे और सभी इन्वेस्टर्स को एक साथ प्राइस-सेंसिटिव जानकारी मिल सके।
इस दौरान, कंपनी के प्रमोटर्स (Promoters) और की मैनेजमेंट पर्सोनल (Key Management Personnel) सहित सभी डेजिग्नेटेड पर्सन्स (Designated Persons) Nalwa Sons Investments के शेयर्स और सिक्योरिटीज का ट्रेड (Trade) नहीं कर पाएंगे। यह रोक तब तक जारी रहेगी जब तक कंपनी अपने ऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स की आधिकारिक घोषणा नहीं कर देती और ट्रेडिंग विंडो दोबारा नहीं खोल देती।
कंपनी, जो O.P. Jindal Group में निवेश करने वाली एक नॉन-बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (Non-Banking Financial Company) है, अपने हर फाइनेंशियल रिजल्ट्स के समय ऐसे ट्रेडिंग विंडो क्लोजर का पालन करती है।
इन्वेस्टर्स अब बोर्ड मीटिंग (Board Meeting) की तारीख का इंतजार कर रहे हैं, जिस पर FY26 के फाइनेंशियल रिजल्ट्स पर विचार किया जाएगा। इसके बाद ही ट्रेडिंग विंडो के दोबारा खुलने की सूचना दी जाएगी।
मार्केट डेटा के अनुसार, Nalwa Sons Investments Ltd. का 52-वीक हाई (52-week high) ₹8,730.00 और लो (low) ₹5,356.50 रहा है, जो 17 अक्टूबर 2025 से 16 मार्च 2026 के बीच का है।
