SEBI के नियमों से मिली छूट
Parshwanath Corporation Limited ने स्टॉक एक्सचेंज को दी गई एक अहम जानकारी में बताया है कि वे 31 मार्च, 2026 को समाप्त हो रही तिमाही के लिए वार्षिक सेक्रेटेरियल कंप्लायंस ऑडिट रिपोर्ट जमा करने से मुक्त हैं। यह छूट कंपनी की वित्तीय स्थिति के कारण दी गई है।
क्या हैं SEBI के नियम?
SEBI के नियमों के तहत, कंपनियों को सिक्योरिटीज कानूनों और कॉर्पोरेट गवर्नेंस के मानकों का पालन करने के लिए यह ऑडिट रिपोर्ट जमा करना अनिवार्य होता है। हालांकि, कंपनी के लिए ₹10 करोड़ का पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल और ₹25 करोड़ का नेट वर्थ निर्धारित किया गया है।
Parshwanath Corp की वित्तीय स्थिति
31 मार्च, 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, Parshwanath Corporation Limited का पेड-अप इक्विटी शेयर कैपिटल ₹3.13 करोड़ और कुल नेट वर्थ ₹12.13 करोड़ दर्ज किया गया है। ये दोनों ही आंकड़े SEBI द्वारा निर्धारित इन थ्रेशोल्ड से काफी कम हैं, जिसके चलते कंपनी इस अनुपालन दायित्व से मुक्त हो गई है।
कंपनी का बैकग्राउंड
Parshwanath Corporation India के रियल एस्टेट और फाइनेंशियल सर्विसेज सेक्टर्स में काम करती है। कंपनी निर्माण, हाउसिंग प्रोजेक्ट्स और हाउसिंग फाइनेंस जैसे कार्यों में संलग्न है। इसकी स्थापना वर्ष 1985 में हुई थी।
निवेशकों के लिए अहम जानकारी
शेयरधारकों को सूचित किया जाता है कि कंपनी 31 मार्च, 2026 को समाप्त तिमाही के लिए वार्षिक सेक्रेटेरियल कंप्लायंस ऑडिट रिपोर्ट फाइल नहीं करेगी। यह विशेष रिपोर्टिंग आवश्यकता में कमी लाता है, बशर्ते कि कंपनी के वित्तीय मेट्रिक्स SEBI द्वारा निर्धारित सीमाओं के भीतर बने रहें। निवेशक भविष्य में कंपनी के प्रदर्शन पर नजर रखेंगे कि क्या इसके आंकड़े SEBI के थ्रेशोल्ड को पार करते हैं।
