नए ऑडिटर और सब्सिडियरी पर बड़ा फैसला
Parle Industries Ltd के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 11 अप्रैल 2026 को हुई बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। कंपनी ने FY25-26 यानी वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए M/s. Sachin & Associates को अपना सेक्रेटेरियल ऑडिटर (Secretarial Auditor) नियुक्त किया है। इसके अलावा, FY26-27 यानी वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए M/s. Motilal & Associates LLP को इंटरनल ऑडिटर (Internal Auditor) की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
Golden Valley Treasure Park अब नॉन-मटेरियल
कंपनी ने यह भी तय किया है कि Golden Valley Treasure Park Pvt Ltd (जो पहले Windfield Spaces Pvt Ltd के नाम से जानी जाती थी) अब कंपनी की 'मटेरियल सब्सिडियरी' (Material Subsidiary) नहीं रही। इसका मतलब है कि इस सब्सिडियरी का वित्तीय प्रदर्शन अब Parle Industries के कुल समेकित वित्तीय नतीजों (Consolidated Financials) पर 10% से कम प्रभाव डालता है। यह फैसला 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष के नतीजों के आधार पर लिया गया है।
क्यों अहम हैं ये बदलाव?
नए और योग्य ऑडिटर्स की नियुक्ति कंपनी के लिए बेहतर वित्तीय पारदर्शिता (Financial Transparency) और नियामक अनुपालन (Regulatory Compliance) सुनिश्चित करती है। वहीं, किसी सब्सिडियरी को नॉन-मटेरियल घोषित करने का मतलब है कि उसका वित्तीय योगदान पैरेंट कंपनी के लिए उतना अहम नहीं रह गया है, जिससे मैनेजमेंट का फोकस अधिक महत्वपूर्ण व्यावसायिक क्षेत्रों पर केंद्रित हो सके।
कंपनी का इतिहास और बाजार स्थिति
Parle Industries, जो इंफ्रास्ट्रक्चर, रियल एस्टेट डेवलपमेंट और पेपर वेस्ट रीसाइक्लिंग जैसे क्षेत्रों में काम करती है, ने पिछले फाइनेंशियल ईयर 2024-25 में Windfield Spaces Private Limited (अब Golden Valley Treasure Park Pvt Ltd) का 100% अधिग्रहण किया था। उस समय यह एक 'मटेरियल सब्सिडियरी' थी। वर्तमान में, Parle Industries एक माइक्रो-कैप (Micro-cap) कंपनी है, जिसकी बाजार हिस्सेदारी DLF Ltd, Macrotech Developers Ltd, Oberoi Realty Ltd और Prestige Estates Projects Ltd जैसी बड़ी कंपनियों की तुलना में काफी कम है। कंपनी का प्राइस टू बुक वैल्यू (Price to Book Value) भी 0.17 है, जो इसके वर्तमान बाजार मूल्यांकन को दर्शाता है।
आगे क्या उम्मीद करें?
निवेशक अब 2025-26 के सेक्रेटेरियल ऑडिट और 2026-27 के इंटरनल ऑडिट के नतीजों पर नजर रखेंगे। साथ ही, कंपनी के मुख्य इंफ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टेट सेगमेंट्स में प्रदर्शन और राजस्व वृद्धि पर भी ध्यान दिया जाएगा।