रिफंड के साथ विवाद भी
Sanofi India को असिस्टेंट कमिश्नर ऑफ CGST, वडोदरा से ₹52.08 लाख का GST रिफंड मिला है। यह राशि August 2014 से June 2017 तक की अवधि के लिए है, जिसमें ₹33.97 लाख प्रिंसिपल अमाउंट और ₹18.11 लाख ब्याज शामिल है।
₹11.63 लाख के क्लेम पर लड़ाई
हालांकि, टैक्स विभाग ने ₹11.63 लाख (₹11,62,853) के एक अन्य क्लेम को स्वीकार नहीं किया है। Sanofi India ने इस फैसले के खिलाफ अपील करने की घोषणा की है। मूल रूप से कंपनी ने ₹45.60 लाख (₹45,59,558) के रिफंड के लिए आवेदन किया था।
क्यों है यह मायने रखता है?
यह आंशिक रिफंड कंपनी के कैश फ्लो के लिए एक छोटी सी राहत है। वहीं, ₹11.63 लाख की राशि पर चल रही अपील दर्शाती है कि Sanofi India अपने कानूनी हकों के लिए सक्रिय रूप से लड़ रही है, जिससे भविष्य में संभावित वित्तीय लाभ मिल सकता है।
कंपनी का टैक्स इतिहास
Sanofi India का टैक्स अथॉरिटीज़ के साथ पहले भी कई विवादों का इतिहास रहा है, जिसमें शान्ता बायोटेक के अधिग्रहण को लेकर रेट्रोस्पेक्टिव टैक्स का मामला भी शामिल था, जिसे बाद में सुलझाया गया था। कंपनी इन मामलों को हल करने के लिए लगातार प्रयास करती रही है।
आगे क्या?
सबसे बड़ा जोखिम यह है कि कंपनी की ₹11.63 लाख के अस्वीकृत रिफंड के खिलाफ अपील सफल न हो। निवेशकों को Sanofi India द्वारा दायर की गई अपील के नतीजों पर नज़र रखनी चाहिए।
