ऑपरेशन्स बंद, आय सिर्फ ₹0.45 लाख!
Progrex Ventures की तरफ से जारी किए गए फाइनेंशियल ईयर 2026 के नतीजों के मुताबिक, कंपनी की कुल आय (Total Income) इस अवधि में महज ₹0.45 लाख रही, जो पिछले साल के मुकाबले 50% कम है। मैनेजमेंट की ओर से इस बात की पुष्टि की गई है कि कंपनी की सभी मैन्युफैक्चरिंग एक्टिविटीज (Manufacturing Activities) को पूरी तरह बंद कर दिया गया है और FY26 में कोई भी ट्रेडिंग (Trading) नहीं हुई। जो भी थोड़ी बहुत आय दर्ज हुई है, वह 'अन्य आय' (Other Income) के तहत है, जो यह दर्शाता है कि कंपनी का मुख्य बिजनेस अब पूरी तरह से ठप हो चुका है।
₹4.95 करोड़ के डिपॉजिट पर डिफॉल्ट, अकाउंटिंग पर सवाल!
कंपनी की वित्तीय स्थिति कई बड़े जोखिमों से घिरी हुई है। इसमें सबसे बड़ा जोखिम ₹4.95 करोड़ का एक इंटर-कॉर्पोरेट डिपॉजिट (Inter-Corporate Deposit - ICD) है, जो Betwa Realtors Private Limited को दिया गया था और अब यह डिफॉल्ट (Default) हो चुका है। दिलचस्प बात यह है कि Progrex Ventures ने इस डिपॉजिट पर कोई इंटरेस्ट इनकम (Interest Income) दर्ज नहीं की है और न ही किसी संभावित नुकसान के लिए कोई प्रोविजन (Provision) बनाया है।
चिंताओं को और बढ़ाते हुए, MPFC जैसे क्रेडिटर्स (Creditors) द्वारा जब्त किए गए ₹45.47 लाख के वर्क-इन-प्रोग्रेस (Work-in-Progress) एसेट्स (Assets) अभी भी कंपनी की बैलेंस शीट (Balance Sheet) पर दिखाए जा रहे हैं। मैनेजमेंट ने खुद माना है कि इन एसेट्स को पिछले सालों में ही राइट-ऑफ (Write-off) कर देना चाहिए था, जिससे कंपनी की अकाउंटिंग प्रैक्टिस पर सवाल उठते हैं।
शेयरधारकों के लिए गंभीर संकेत
मुख्य ऑपरेशन्स को बंद करने, लगातार घाटा झेलने और बैलेंस शीट की इन गंभीर समस्याओं को देखते हुए, Progrex Ventures एक बड़े वित्तीय संकट (Financial Distress) से गुजर रही है। शेयरधारकों के सामने ऐसी कंपनी है जिसका कोई एक्टिव रेवेन्यू-जेनरेटिंग बिजनेस (Revenue-generating Business) ही नहीं बचा है। निवेशक अब ₹4.95 करोड़ के डिफॉल्टेड ICD की रिकवरी की स्थिति पर बारीकी से नजर रखेंगे। जब्त किए गए एसेट्स से जुड़े मामलों को कंपनी कैसे निपटाती है, यह उसके भविष्य की राह तय करेगा।
