कंपनी की ओर से जारी बयान में बताया गया है कि श्री अमित फुतरमल जैन का यह इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर कार्यकाल 30 अप्रैल, 2026 से शुरू होगा। वह श्री फरहाद दस्तूर की जगह लेंगे, जिन्होंने 29 अप्रैल, 2026 से प्रभावी अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। इस बदलाव के चलते, कंपनी के बोर्ड ने अपनी महत्वपूर्ण कमेटियों, जिनमें ऑडिट कमेटी और नॉमिनेशन एंड रेमुनरेशन कमेटी शामिल हैं, का भी पुनर्गठन किया है।
श्री जैन की नियुक्ति पांच साल के लिए प्रस्तावित है, लेकिन इसे अंतिम रूप देने के लिए कंपनी को शेयरधारकों से मंजूरी लेनी होगी। इस कदम का उद्देश्य कॉर्पोरेट गवर्नेंस को मजबूत करना और स्वतंत्र निदेशकों के माध्यम से निवेशकों के हितों की रक्षा करना है।
Khyati Global Ventures, जो मुख्य रूप से ट्रेडिंग और फाइनेंस सेक्टर में सक्रिय है, पहले भी बोर्ड में बदलावों से गुजर चुकी है। कंपनी को सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) से लिस्टिंग नियमों के अनुपालन को लेकर जांच का सामना भी करना पड़ा है, जिसमें डिस्क्लोजर नॉर्म्स और संबंधित पक्ष के लेन-देन से जुड़े मुद्दे शामिल थे।
अब, शेयरधारकों की मंजूरी मिलने पर, पुनर्गठित कमेटियां नए बोर्ड ढांचे के तहत काम करना शुरू कर देंगी। निवेशक आगामी शेयरधारकों की बैठक के नतीजों पर बारीकी से नजर रखेंगे। SEBI से जुड़े पुराने अनुपालन मुद्दे, यदि पूरी तरह हल नहीं हुए हैं, तो बाजार पर्यवेक्षकों के लिए चिंता का विषय बने रह सकते हैं।
