HBG Hotels के बोर्ड ने निवेशकों के लिए एक साथ कई अहम घोषणाएं की हैं। कंपनी अपने शेयर्स की नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर लिस्टिंग कराने की योजना बना रही है, जिसके लिए उसने बोर्ड से मंजूरी ले ली है। यह लिस्टिंग रेगुलेटरी अथॉरिटीज से अप्रूवल मिलने के बाद ही फाइनल हो पाएगी।
इसके साथ ही, शेयरधारकों को खुशखबरी देते हुए, कंपनी ने वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए प्रति इक्विटी शेयर ₹0.15 और प्रति प्रेफरेंस शेयर ₹0.10 के अंतरिम डिविडेंड (Interim Dividend) का ऐलान किया है।
नए होटल प्रोजेक्ट्स पर लगी मुहर
कंपनी ने दो प्रमुख डेवलपमेंट एग्रीमेंट्स पर भी हस्ताक्षर किए हैं। पहला एग्रीमेंट मैरियट होटल्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड के साथ केरल के तिरुवनंतपुरम में एक प्रोजेक्ट के लिए हुआ है। दूसरा, राजस्केप होटल्स प्राइवेट लिमिटेड के साथ गोवा के पालोलेम में एक रिसॉर्ट के लिए मैनेजमेंट और ब्रांडिंग एग्रीमेंट साइन किया गया है।
वारंट्स से जुड़ी खबर
इन सब के बीच, HBG Hotels ने यह भी बताया कि एक्सरसाइज न किए गए वारंट्स (Unexercised Warrants) से ₹1.59 करोड़ जब्त कर लिए गए हैं।
NSE लिस्टिंग से उम्मीदें
NSE पर लिस्टिंग से कंपनी की मार्केट विजिबिलिटी बढ़ने और निवेशकों के लिए शेयर्स का ट्रेड करना आसान होने की उम्मीद है। मैरियट जैसे बड़े ब्रांड के साथ पार्टनरशिप और बुटीक रिसॉर्ट्स पर फोकस, कंपनी की ग्रोथ स्ट्रेटेजी को दर्शाता है।
फंडिंग और एक्सपेंशन
हाल ही में HBG Hotels ने वारंट्स के जरिए कैपिटल रेज किया था, जिससे ₹220.58 करोड़ का सब्सक्रिप्शन मिला था। इस फंडिंग का इस्तेमाल एक्सपेंशन और नए प्रोजेक्ट्स में किया जाएगा।
निवेशकों पर असर
अगर NSE लिस्टिंग को मंजूरी मिलती है, तो शेयरधारकों के लिए ट्रेडिंग सुगम हो सकती है। जब्त किए गए वारंट्स का मतलब है कि संभावित शेयर डाइल्यूशन कम होगा, हालांकि इससे रेज होने वाली कुल कैपिटल में कमी आएगी।
