Chantilly फैसिलिटी का FDA ऑडिट
Granules India Limited ने बताया है कि उनकी पूरी तरह से मालिकाना हक वाली अमेरिकी सब्सिडियरी Granules Pharmaceuticals, Inc. (GPI) को Chantilly, Virginia में US Food and Drug Administration (FDA) द्वारा की गई करंट गुड मैन्युफैक्चरिंग प्रैक्टिसेज (cGMP) की रूटीन ऑडिट में 4 प्रोसीजरल फॉर्म 483 ऑब्जर्वेशन मिली हैं। यह इंस्पेक्शन 30 मार्च से 3 अप्रैल, 2026 तक चला।
यह समझना ज़रूरी है कि ये ऑब्जर्वेशन सिर्फ प्रोसीजरल मामलों से जुड़ी हैं और इनमें किसी भी तरह की डेटा इंटेग्रिटी (Data Integrity) की चिंता नहीं जताई गई है। यह पिछले एक साल में Chantilly फैसिलिटी का दूसरा FDA इंस्पेक्शन था। Granules India ने कहा है कि वे तय समय-सीमा के अंदर सभी ऑब्जर्वेशन को दूर करने के लिए प्रतिबद्ध हैं और उन्होंने अपनी क्वालिटी व कंप्लायंस पर फोकस बनाए रखने पर जोर दिया है।
फॉर्म 483 ऑब्जर्वेशन ऐसे एरिया को इंगित करती हैं जहां FDA इंस्पेक्टर को लगता है कि ऑपरेशन रेगुलेटरी स्टैंडर्ड्स का पूरी तरह पालन नहीं कर रहे। GPI के लिए, अमेरिकी मार्केट में काम करने के नाते, इन पर तुरंत सुधारात्मक कार्रवाई ज़रूरी है। डेटा इंटेग्रिटी की समस्याओं का न पाया जाना एक पॉजिटिव संकेत है, जो बताता है कि ये फाइंडिंग्स शायद फंडामेंटल क्वालिटी सिस्टम की फेलियर के बजाय प्रोसेस इम्प्रूवमेंट से ठीक की जा सकती हैं।
यह ऑडिट जून 2025 में हुई पिछली प्री-अप्रूवल इंस्पेक्शन (PAI) के बाद हुई, जिसमें एक ऑब्जर्वेशन मिली थी जिसे कंपनी ने सफलतापूर्वक हल कर लिया था और एक 'एस्टेब्लिशमेंट इंस्पेक्शन रिपोर्ट (EIR)' प्राप्त की थी।
हालांकि, Granules की दूसरी फैसिलिटीज के नतीजे मिले-जुले रहे हैं। Gagillapur फैसिलिटी को अगस्त-सितंबर 2024 में 6 ऑब्जर्वेशन मिली थीं, जिनमें पोटेंशियल कंटैमिनेशन और डेटा इंटेग्रिटी के इश्यूज शामिल थे, जिसके कारण फरवरी 2025 में एक वार्निंग लेटर जारी हुआ। वहीं, कंपनी के तेलंगाना प्लांट को मार्च 2025 में GMP वॉयलेशन के लिए वार्निंग लेटर मिला था। दूसरी ओर, Granules India की यूनिट V फैसिलिटी को नवंबर 2024 में 'No Action Indicated' (NAI) स्टेटस मिला था, जिसमें कोई ऑब्जर्वेशन नहीं थी।
कंपनी को अब Chantilly फैसिलिटी की प्रोसीजरल ऑब्जर्वेशन के लिए एक डिटेल करेक्टिव एक्शन प्लान बनाना और लागू करना होगा। समय पर समाधान निकालना कंप्लायंस बनाए रखने और अमेरिकी मार्केट के लिए ऑपरेशंस को अनइंटरप्टेड रखने के लिए महत्वपूर्ण है। निवेशक Granules India की रिस्पांस और रेमेडिएशन टाइमलाइन पर नज़र रखेंगे।