कैपिटल घटाने और ऑफिस बदलने की वजह
कंपनी के डायरेक्टर्स बोर्ड ने अपने बैलेंस शीट को दुरुस्त करने के लिए यह बड़ा कदम उठाया है। इसका मुख्य मकसद कंपनी के कुल ₹784.55 लाख (या ₹7.85 करोड़) के संचित नुकसान को खत्म करना है।
इस कैपिटल रिडक्शन (Capital Reduction) के तहत, ₹740.33 लाख (या ₹7.40 करोड़) की कटौती की जाएगी। पहले कंपनी का कुल कैपिटल ₹747.81 लाख था, जिसमें ₹10 के भाव वाले 74,78,100 शेयर शामिल थे। अब यह घटकर ₹7.48 लाख रह जाएगा, जिसमें ₹10 के भाव वाले 74,781 शेयर होंगे। इसका मतलब है कि हर 100 पुराने शेयरों को मिलाकर 1 नया शेयर बनाया जाएगा।
इसके साथ ही, कंपनी ने अपना रजिस्टर्ड ऑफिस तेलंगाना से महाराष्ट्र शिफ्ट करने की भी योजना बनाई है।
यह शेयर कंसॉलिडेशन (Share Consolidation) कंपनी के आउटस्टैंडिंग इक्विटी शेयरों की संख्या को कम करेगा, जिससे प्रति शेयर परफॉर्मेंस (Per-share Metrics) में सुधार हो सकता है।
रजिस्टर्ड ऑफिस का महाराष्ट्र शिफ्ट होना कंपनी के एडमिनिस्ट्रेटिव और लीगल ज्यूरिस्डिक्शन (Legal Jurisdiction) में एक बड़ा बदलाव लाएगा। यह कदम मार्केट एक्सेस (Market Access) या ऑपरेशनल एफिशिएंसी (Operational Efficiency) जैसे रणनीतिक उद्देश्यों के साथ संरेखित हो सकता है।
इन सभी प्रस्तावों पर शेयरहोल्डर्स की मंजूरी 30 अप्रैल, 2026 को होने वाली एक एक्स्ट्राऑर्डिनरी जनरल मीटिंग (EGM) में ली जाएगी। इस मीटिंग के लिए, 27 अप्रैल से 29 अप्रैल, 2026 तक रजिस्टर ऑफ मेंबर्स (Register of Members) और शेयर ट्रांसफर बुक्स (Share Transfer Books) बंद रहेंगी।
कैपिटल रिडक्शन के लिए नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) से मंजूरी की आवश्यकता होगी, जबकि एक राज्य से दूसरे राज्य में ऑफिस शिफ्ट करने के लिए सेंट्रल गवर्नमेंट के रीजनल डायरेक्टर (Regional Director) और अन्य संबंधित अथॉरिटीज से अप्रूवल लेना होगा।
निवेशक EGM के नतीजों, NCLT और सेंट्रल गवर्नमेंट से अप्रूवल की प्रगति, और महाराष्ट्र में कंपनी के नए सेटअप पर बारीकी से नजर रखेंगे।
