कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 30 अप्रैल, 2026 को हुई एक बैठक में गुरुओमेगा प्राइवेट लिमिटेड और श्री मन मोहन कटियाल को नए प्रमोटर्स के तौर पर मंजूरी दी है। यह कदम कंपनी के स्वामित्व ढांचे में एक महत्वपूर्ण बदलाव का संकेत देता है।
यह नियुक्ति 27 मार्च, 2023 को हुए एक शेयर खरीद समझौते (Share Purchase Agreement) के तहत हुए शेयरों के हस्तांतरण के बाद हुई है। केके मोदी इन्वेस्टमेंट एंड फाइनेंशियल सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड ने कंपनी में अपनी पूरी हिस्सेदारी बेच दी है, जिसके बाद वे अब प्रमोटर की श्रेणी में नहीं रहेंगे।
प्रमोटर स्तर पर होने वाले बदलाव अक्सर कंपनी की भविष्य की रणनीति (Strategy), निवेश योजनाओं (Investment Plans) और कॉर्पोरेट गवर्नेंस (Corporate Governance) के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण होते हैं। बाजार की नजरें अब इस बात पर होंगी कि क्या नए प्रमोटर समूह कंपनी में नई पूंजी लाते हैं या व्यापार पर कोई नया फोकस स्थापित करते हैं, जिससे पारदर्शिता (Transparency) भी बढ़ने की उम्मीद है।
निवेशक अब कंपनी की अपडेटेड शेयरहोल्डिंग पैटर्न (Shareholding Pattern) को 4 मई, 2026 को फाइल होते हुए बारीकी से देखेंगे। साथ ही, गुरुओमेगा प्राइवेट लिमिटेड और श्री मन मोहन कटियाल की ओर से अपनी भविष्य की योजनाओं को लेकर किसी भी घोषणा का भी इंतजार रहेगा।
