कंपनी ने SEBI को सौंपी अंडरटेकिंग
B.A.G. Films and Media Ltd ने रेगुलेटरी फाइलिंग में साफ किया है कि वह सिक्योरिटीज एंड एक्सचेंज बोर्ड ऑफ इंडिया (SEBI) के 'लार्ज कॉर्पोरेट' (LC) की परिभाषा के तहत नहीं आती है। कंपनी ने BSE और NSE दोनों को यह जानकारी देते हुए एक औपचारिक अंडरटेकिंग जमा की है। यह स्टेटस 31 मार्च 2026 तक के वित्तीय आंकड़ों के आधार पर कन्फर्म किया गया है।
'लार्ज कॉर्पोरेट' नियम क्यों हैं अहम?
SEBI का 'लार्ज कॉर्पोरेट' फ्रेमवर्क भारत के कॉर्पोरेट बॉन्ड मार्केट को बढ़ावा देने के लिए बनाया गया था। इसके तहत, एक निश्चित उधार सीमा और क्रेडिट रेटिंग वाली कंपनियों को अपने नए कर्ज का कम से कम 25% डेट सिक्योरिटीज (Debt Securities) के जरिए जुटाना अनिवार्य होता है। शुरुआती दौर में यह सीमा ₹100 करोड़ के लॉन्ग-टर्म बॉरोइंग (Long-term Borrowing) और 'AA' या उससे ऊपर की क्रेडिट रेटिंग पर आधारित थी। हालांकि, अक्टूबर 2023 में, SEBI ने बाजार की मौजूदा स्थिति के अनुरूप इस नियम को बदला, और उधार की सीमा बढ़ाकर ₹1000 करोड़ कर दी, जबकि 'AA' रेटिंग की शर्त बरकरार रखी।
B.A.G. Films के लिए इसका मतलब
'लार्ज कॉर्पोरेट' न घोषित होने के कारण, B.A.G. Films इन नियमों से छूट प्राप्त करती है। इसका मतलब है कि कंपनी को अनिवार्य रूप से एक निश्चित प्रतिशत कर्ज डेट सिक्योरिटीज के जरिए जुटाने की जरूरत नहीं होगी। साथ ही, 'लार्ज कॉर्पोरेट' के लिए आवश्यक अतिरिक्त डिस्क्लोजर (Disclosure) और अनुपालन की मांगें भी कंपनी पर लागू नहीं होंगी। इससे कंपनी अपनी फंडरेज़िंग (Fundraising) रणनीति को अधिक लचीले ढंग से बना सकेगी।
इंडस्ट्री में ऐसी ही घोषणाएं
यह ध्यान देने योग्य है कि मीडिया और एंटरटेनमेंट सेक्टर की कई अन्य सूचीबद्ध कंपनियां भी हाल ही में इसी तरह की घोषणाएं कर चुकी हैं। Signature Green Corporation Ltd., Tips Films Limited, Super Sales India Ltd., और Sungold Media and Entertainment Limited जैसी कंपनियों ने भी 31 मार्च 2026 तक 'लार्ज कॉर्पोरेट' न होने की पुष्टि की है। यह उन फर्मों के लिए एक सामान्य नियामक कदम है जो SEBI के उच्च उधार थ्रेशोल्ड (Threshold) को पूरा नहीं करती हैं।
