यह फैसला 7 मई, 2026 को सुनाया गया, जिसमें 29 मई, 2024 को सीजीएसटी एक्ट, 2017 के सेक्शन 74(5) के तहत जारी किए गए एक डिमांड नोटिस के मामले को देखा गया। कंपनी ने इस डिमांड के बारे में 31 मई, 2024 को ही शेयर बाजारों को सूचित कर दिया था।
Rainbow Children's Medicare अब इस फैसले के खिलाफ आगे अपील दायर करने की तैयारी कर रही है। इस टैक्स विवाद का अंतिम फाइनेंशियल इम्पैक्ट, जिसमें मूल टैक्स की राशि के साथ-साथ संभावित इंटरेस्ट और पेनल्टी शामिल हैं, अभी भी अनिश्चित बना हुआ है। यह मामला सुलझने के बाद ही तय होगा।
यह पहली बार नहीं है जब कंपनी को टैक्स संबंधी चुनौतियों का सामना करना पड़ा है। अगस्त 2023 में, Rainbow Children's Medicare ने लगभग ₹8.66 करोड़ के एक अन्य जीएसटी डिमांड नोटिस का भी खुलासा किया था।
हेल्थकेयर सेक्टर में काम करने वाली बड़ी कंपनियों जैसे अपोलो हॉस्पिटल्स, फोर्टिस हेल्थकेयर और मैक्स हेल्थकेयर के लिए रेगुलेटरी कम्प्लायंस और टैक्स कानूनों का पालन करना एक सामान्य प्रक्रिया है। कंपनी के निवेशक अब आगे की अपील की प्रक्रिया और संभावित फाइनेंशियल परिणाम पर बारीकी से नजर रखेंगे।
