कंपनी के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स (Board of Directors) ने हाल ही में कई अहम फैसलों पर मुहर लगाई है। RSM Astute Consulting Private Limited को 1 जनवरी 2026 से 31 मार्च 2029 तक, यानी अगले तीन सालों के लिए कंपनी का आंतरिक ऑडिटर (Internal Auditor) बनाया गया है।
इसके साथ ही, सुश्री काजल राखोलिया (Ms. Kajal Rakholiya) को नोडल ऑफिसर (Nodal Officer) और सुश्री प्रीति देशमुख (Ms. Preeti Deshmukh) को डिप्टी नोडल ऑफिसर (Deputy Nodal Officer) के पद पर नियुक्त किया गया है। ये नियुक्तियां 16 अप्रैल 2026 से प्रभावी होंगी।
बोर्ड ने नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) द्वारा शेयरहोल्डिंग पैटर्न (Shareholding Pattern) फाइल करने में दो दिन की देरी के चलते लगाए गए ₹4,720 के जुर्माने के भुगतान की भी पुष्टि की है।
ये कदम कंपनी के भीतर नियंत्रण (Internal Controls) और कंप्लायंस (Compliance) को मजबूत करने की दिशा में उठाए गए हैं। एक पेशेवर फर्म के साथ लंबे समय के लिए आंतरिक ऑडिट करार (Audit Engagement) कंपनी की प्रक्रियाओं और गवर्नेंस (Governance) पर स्वतंत्र भरोसा सुनिश्चित करेगा। वहीं, समर्पित नोडल ऑफिसर की नियुक्ति निवेशक संचार (Investor Communication) और नियामक आवश्यकताओं (Regulatory Requirements) को सुव्यवस्थित करने में मदद करेगी। NSE के जुर्माने का भुगतान यह दर्शाता है कि कंपनी एक्सचेंज के नियमों का पालन करने के प्रति सजग है और ऐसी देरी से बचने का प्रयास करेगी। हालांकि, यह एक रिमाइंडर (Reminder) है कि भविष्य में ऐसी चूक न हो, जिसके लिए निवेशक अब नए आंतरिक ऑडिट और समर्पित नोडल ऑफिसरों की प्रभावशीलता पर नजर रखेंगे।
