Tata Motors ने Freight Commerce Solutions Private Limited (Freight Tiger) में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने का ऐलान किया है। यह अधिग्रहण ₹95.66 करोड़ के वैल्यूएशन पर हो रहा है, जिसमें कंपनी मौजूदा शेयरधारकों से लगभग 18% स्टेक खरीदेगी। इस डील के पूरा होने के बाद, Freight Tiger, Tata Motors की एक सब्सिडियरी बन जाएगी, जिससे कंपनी की कुल हिस्सेदारी बढ़कर 63.6% तक पहुंच सकती है। उम्मीद है कि यह डील 15 मई, 2026 तक पूरी हो जाएगी।
यह कदम Tata Motors की उस स्ट्रैटेजी का हिस्सा है जिसके तहत कंपनी लॉजिस्टिक्स वैल्यू चेन के हर पड़ाव के लिए एक एंड-टू-एंड (end-to-end) डिजिटल इकोसिस्टम तैयार करना चाहती है। Freight Tiger की एडवांस्ड डिजिटल क्षमताओं को अपने मौजूदा 'Fleet Edge' प्लेटफॉर्म के साथ इंटीग्रेट करके, Tata Motors अपने कमर्शियल व्हीकल (CV) ग्राहकों को और बेहतर एफिशिएंसी (efficiency) और एक एकीकृत डिजिटल अनुभव प्रदान करने का लक्ष्य रखती है।
इस अधिग्रहण के बाद, Freight Tiger, Tata Motors के छत्रछाया में एक सब्सिडियरी के तौर पर काम करेगी। एक ऐसा इंटीग्रेटेड डिजिटल प्लेटफॉर्म सामने आएगा जो Fleet Edge और Freight Tiger दोनों की शक्तियों को एक साथ लाएगा। इससे Tata Motors को डिजिटल लॉजिस्टिक्स स्पेस में अपनी पकड़ मजबूत करने और टेक्नोलॉजी के ज़रिए सप्लाई चेन में ज़्यादा वैल्यू हासिल करने में मदद मिलेगी।
Freight Tiger ने पिछले फाइनेंशियल ईयर (FY25) में ₹26.7 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया था। आने वाले समय में, 15 मई, 2026 तक डील का औपचारिक रूप से पूरा होना, इंटीग्रेशन प्लान्स का सामने आना, और इस नए डिजिटल ऑफरिंग का Tata Motors के कमर्शियल व्हीकल बिजनेस पर पड़ने वाला प्रभाव, निवेशक इन पर करीबी नज़र रखेंगे।