FY26 में दमदार परफॉरमेंस, पर चिंता के संकेत!
Skipper Ltd ने 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष के लिए अपने नतीजे जारी किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड प्रॉफिट पिछले साल की समान अवधि के मुकाबले 42.71% बढ़कर ₹213.13 करोड़ दर्ज किया गया। इस मजबूत प्रॉफिट ग्रोथ को 19.80% की रेवेन्यू वृद्धि का सहारा मिला, जिससे कुल कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹5,563.38 करोड़ पर पहुंच गया।
चौथी तिमाही (Q4 FY26) के नतीजे
वित्तीय वर्ष की आखिरी तिमाही, Q4 FY26 में भी कंपनी का प्रदर्शन उम्मीद के मुताबिक रहा। इस तिमाही में कंसोलिडेटेड प्रॉफिट ₹78.06 करोड़ रहा, जबकि कंसोलिडेटेड रेवेन्यू में 28.63% की अच्छी बढ़त के साथ यह ₹1,668.13 करोड़ दर्ज किया गया।
डिविडेंड का ऐलान
कंपनी के बोर्ड ने शेयरधारकों को ₹0.10 प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश की है।
निवेशक क्यों हुए सतर्क?
जहां प्रॉफिट और रेवेन्यू ग्रोथ अच्छी है, वहीं निवेशकों को कुछ महत्वपूर्ण चिंताओं पर ध्यान देना होगा। सबसे बड़ी चिंता ट्रेड रिसीवेबल्स (Trade Receivables) में 111.72% की भारी बढ़ोतरी है। यह पिछले साल के ₹701.28 करोड़ से बढ़कर ₹1,484.77 करोड़ हो गया है, जो रेवेन्यू ग्रोथ से कहीं ज्यादा है।
इसके अलावा, कंपनी के नॉन-करंट बरोइंग्स (Non-current Borrowings) में भी 91.32% का इजाफा हुआ है, जो बढ़कर ₹443.39 करोड़ हो गई है। कंपनी पर ₹10.68 करोड़ का एक एक्सिडेंटल टैक्स सेटलमेंट से जुड़ा चार्ज भी है।
कंपनी का बिजनेस और कॉम्पिटिशन
Skipper Ltd पाइप्स, पोल्स और इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट और कंस्ट्रक्शन (EPC) जैसे सेग्मेंट्स में काम करती है। यह इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की बढ़ती मांग का फायदा उठा रही है। इसके मुख्य प्रतिस्पर्धियों में Astral Ltd, Prince Pipes and Fittings, और Supreme Industries शामिल हैं।
आगे क्या देखें?
निवेशक अब मैनेजमेंट से ट्रेड रिसीवेबल्स में इस जबरदस्त उछाल के कारणों को समझने की कोशिश करेंगे। साथ ही, वर्किंग कैपिटल मैनेजमेंट को बेहतर बनाने और कर्ज कम करने की कंपनी की योजनाओं पर भी सबकी नजर रहेगी।
