Shree Digvijay Cement: गुजरात में तीसरी सबसे बड़ी कंपनी बनी, क्षमता पहुंची **5.2 MTPA**!

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AuthorAditya Rao|Published at:
Shree Digvijay Cement: गुजरात में तीसरी सबसे बड़ी कंपनी बनी, क्षमता पहुंची **5.2 MTPA**!
Overview

Shree Digvijay Cement (SDCL) अब गुजरात की **तीसरी** सबसे बड़ी सीमेंट प्लेयर बनने की राह पर है। कंपनी ने Hi-Bond Cement के साथ एक ब्रांड उपयोग और वितरण समझौते (BDA) के बाद अपनी कुल क्षमता को बढ़ाकर **5.2** मिलियन टन प्रति वर्ष (MTPA) कर लिया है।

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इस डील से क्या बदलेगा?

Shree Digvijay Cement Company Limited (SDCL) ने Hi-Bond Cement के साथ एक अहम 'ब्रांड उपयोग और वितरण अधिकार समझौते' (BDA) पर मुहर लगाई है। इस समझौते के तहत, SDCL, Hi-Bond से प्रति टन ₹500 के मार्जिन पर सीमेंट खरीदेगी। इस कदम से कंपनी की कुल क्षमता बढ़कर 5.2 मिलियन टन प्रति वर्ष (MTPA) हो गई है, जिससे यह गुजरात की तीसरी सबसे बड़ी सीमेंट उत्पादक बन गई है। अल्ट्राटेक सीमेंट और अडानी सीमेंट के बाद SDCL इस पायदान पर काबिज होगी।

वर्तमान में SDCL का गुजरात में लगभग 9-10% और सौराष्ट्र क्षेत्र में 16-17% का मार्केट शेयर है। कंपनी को उम्मीद है कि सरकारी इंफ्रास्ट्रक्चर (Infrastructure) पर खर्च और अहमदाबाद में होने वाले कॉमनवेल्थ गेम्स 2030 जैसे इवेंट्स इस सेक्टर के लिए एक मजबूत आउटलुक (Outlook) प्रदान करेंगे।

इस पूरी डील के बाद कंपनी का नेट डेट (Net Debt) करीब ₹485 करोड़ तक पहुंचने का अनुमान है, जिस पर 8.7% की ब्याज दर लागू होगी। कंपनी सालाना ₹25 करोड़ की कर्ज कटौती का लक्ष्य लेकर चल रही है। SDCL अब ज़्यादा मात्रा में क्लिंकर (Clinker) खरीदेगी, जिससे प्रति मीट्रिक टन EBITDA पर करीब ₹200 का असर पड़ सकता है। हालांकि, कंपनी प्रॉफिटेबिलिटी (Profitability) बढ़ाने के लिए PPC और स्लैग सीमेंट जैसे ब्लेंडेड सीमेंट (Blended Cement) के उत्पादन पर जोर देगी।

इस विस्तार के साथ कुछ जोखिम भी जुड़े हैं। सालाना 0.8 से 0.9 मिलियन टन क्लिंकर बाहर से खरीदना, खुद उत्पादन करने से ज़्यादा महंगा पड़ेगा। साथ ही, फ्यूल (Fuel) और कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव, और भू-राजनीतिक (Geopolitical) घटनाओं का असर भी कंपनी के पतले मार्जिन (Thin Margins) पर पड़ सकता है।

SDCL का लक्ष्य FY27 तक अपनी 5.2 MTPA क्षमता का 70% इस्तेमाल करना है। अगले साल (FY27) के लिए वॉल्यूम का लक्ष्य 30 लाख से 35 लाख टन रखा गया है। कंपनी को उम्मीद है कि मौजूदा तिमाही में प्रति बैग ₹25 से ₹30 की बढ़ोतरी के बाद, Q1 FY27 में सीमेंट की कीमतों में और भी मजबूती आएगी।

अपनी 5.2 MTPA क्षमता के साथ, Shree Digvijay Cement, भारत की दो सबसे बड़ी सीमेंट कंपनियों - अल्ट्राटेक सीमेंट और अडानी सीमेंट (जिसमें अंबुजा सीमेंट और ACC लिमिटेड शामिल हैं) से पीछे है। ये दोनों कंपनियाँ गुजरात सहित पूरे भारत में बड़े पैमाने पर परिचालन करती हैं।

निवेशक अब कंपनी के नए चीफ एग्जीक्यूटिव ऑफिसर (CEO) की नियुक्ति का भी इंतजार कर रहे हैं, जो इस बढ़ी हुई क्षमता वाली कंपनी का नेतृत्व करेंगे।

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.