Sagar Cements Promoter का बड़ा दांव! ₹200 Cr लोन के लिए गिरवी रखे शेयर, कंपनी के कंट्रोल पर लगी लगाम

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AuthorKaran Malhotra|Published at:
Sagar Cements Promoter का बड़ा दांव! ₹200 Cr लोन के लिए गिरवी रखे शेयर, कंपनी के कंट्रोल पर लगी लगाम
Overview

Sagar Cements Limited के प्रमोटर श्रीकांत रेड्डी सम्मिडी ने कंपनी की **1.45%** शेयर पूंजी, यानी **19 लाख शेयर**, **₹200 करोड़** के नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर्स (NCDs) के लिए गिरवी रखे हैं। ये NCDs कैपिटल एक्सपेंडिचर (capex) के लिए RV Consulting Services Private Limited द्वारा जारी किए गए हैं। SEBI के टेकओवर नियमों के तहत दी गई इस जानकारी से कंपनी के कंट्रोल में किसी भी बदलाव पर रोक लगा दी गई है, जब तक कि डिबेंचर ट्रस्टी की मंजूरी न मिल जाए।

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सागर सीमेंट के प्रमोटर का बड़ा कदम: ₹200 करोड़ के कर्ज के लिए गिरवी रखी हिस्सेदारी, कंट्रोल पर लगी लगाम!

Sagar Cements Limited के प्रमोटर, श्रीकांत रेड्डी सम्मिडी, ने कंपनी की कुल शेयर कैपिटल का 1.45%, यानी 19 लाख शेयर, ₹200 करोड़ के नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर्स (NCDs) के लिए गिरवी रखे हैं। ये NCDs RV Consulting Services Private Limited द्वारा जारी किए गए हैं और इनका मुख्य उद्देश्य कैपिटल एक्सपेंडिचर (capex) को फंड करना है।

SEBI नियमों का असर

24 मार्च, 2026 को SEBI (शेयरों के बड़े अधिग्रहण और टेकओवर) रेगुलेशन, 2011 के तहत इस जानकारी का खुलासा किया गया है। इस खुलासे के मुताबिक, अब कंपनी के 'कंट्रोल' में किसी भी तरह का बदलाव डिबेंचर ट्रस्टी की पूर्व मंजूरी के बिना संभव नहीं होगा। यानी, भविष्य में कोई भी बड़ा कॉर्पोरेट फैसला, जैसे मर्जर, अधिग्रहण या मैनेजमेंट में बदलाव, तभी हो सकेगा जब ट्रस्टी हामी भर दे।

क्यों उठाया ये कदम?

Sagar Cements अपनी विस्तार योजनाओं को आगे बढ़ा रही है, जिसके लिए बड़ा कैपिटल एक्सपेंडिचर (capex) ज़रूरी है। फाइनेंशियल ईयर 26 के लिए कंपनी ने करीब ₹450 करोड़ का capex प्लान किया था, और आगे भी ऐसे ही खर्चों की उम्मीद है। प्रमोटरों का NCDs के ज़रिए फंड जुटाने के लिए अपने शेयर गिरवी रखना कोई नई बात नहीं है। इससे पहले भी दिसंबर 2025 में RV Consulting Services Private Limited के ₹50 करोड़ के NCDs के लिए प्रमोटर शेयर गिरवी रखे गए थे, जिन्होंने कंट्रोल पर ऐसी ही पाबंदियां लगाई थीं।

क्या हो सकता है आगे?

मार्केट की नज़र अब ₹200 करोड़ के इन NCDs की समय पर रीपेमेंट पर रहेगी। अगर RV Consulting Services Private Limited कर्ज़ चुकाने में फेल होती है, तो गिरवी रखे गए शेयरों पर ट्रस्टी का अधिकार हो सकता है, जिससे प्रमोटर की हिस्सेदारी में बदलाव आ सकता है। साथ ही, यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि कंट्रोल में बदलाव पर लगी ये पाबंदियां कंपनी की भविष्य की रणनीतियों पर कितना असर डालती हैं।

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Disclaimer:This content is for educational and informational purposes only and does not constitute investment, financial, or trading advice, nor a recommendation to buy or sell any securities. Readers should consult a SEBI-registered advisor before making investment decisions, as markets involve risk and past performance does not guarantee future results. The publisher and authors accept no liability for any losses. Some content may be AI-generated and may contain errors; accuracy and completeness are not guaranteed. Views expressed do not reflect the publication’s editorial stance.