कैपिटल में ₹28 करोड़ का इजाफ़ा, 5 साल के लिए नई डायरेक्टर की नियुक्ति
कंपनी की 28 अप्रैल, 2026 को हुई बोर्ड मीटिंग में यह अहम फैसला लिया गया। Ratnaveer Precision Engineering अपनी ऑथोराइज्ड शेयर कैपिटल (Authorized Share Capital) को मौजूदा ₹85 करोड़ से बढ़ाकर ₹113 करोड़ करने जा रही है, यानी इसमें ₹28 करोड़ की बढ़ोतरी होगी। साथ ही, कंपनी ने श्रीमती सीमा विजय संघवी को 5 साल के लिए एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर (Executive Director) के तौर पर नियुक्त किया है। हालांकि, ये दोनों ही बड़े फैसले शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर करेंगे, जिसके लिए एक एक्स्ट्राऑर्डिनरी जनरल मीटिंग (EGM) बुलाई जाएगी।
ग्रोथ के लिए ₹330 करोड़ का फंड जुटाएगी कंपनी
इस ₹330 करोड़ के फंडरेज़ (Fundraise) का मकसद कंपनी को ग्रोथ के लिए जरूरी कैपिटल देना है। इस पैसे का इस्तेमाल नए प्रोजेक्ट्स, संभावित अधिग्रहण (Acquisitions) या फिर कंपनी के बैलेंस शीट को मजबूत करने में किया जा सकता है। श्रीमती सीमा विजय संघवी की नियुक्ति, खासकर सेल्स और मार्केटिंग पर फोकस के साथ, कंपनी के मैनेजमेंट को मजबूत करने और बिजनेस को आगे बढ़ाने की रणनीति का हिस्सा है।
पिछला रिकॉर्ड: कई बार कैपिटल जुटा चुकी है कंपनी
स्टेनलेस स्टील शीट्स, पाइप्स और ट्यूब्स बनाने वाली Ratnaveer Precision Engineering के लिए यह कोई नई बात नहीं है। कंपनी ने हाल के दिनों में कई बार कैपिटल जुटाई है। जून 2025 में ऑथोराइज्ड शेयर कैपिटल को ₹65 करोड़ से बढ़ाकर ₹85 करोड़ किया गया था। इसके अलावा, मार्च 2026 में ₹47.49 करोड़, दिसंबर 2025 में ₹185.50 करोड़ (QIP के जरिए) और नवंबर 2024 में ₹232.5 करोड़ (प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए) जैसी रकम भी जुटाई जा चुकी है।
शेयरधारकों की मंजूरी और रिस्क फैक्टर
अब सारी निगाहें 30 मई, 2026 को होने वाली EGM पर टिकी हैं, जहाँ शेयरधारक इस ₹330 करोड़ के फंडरेज़ और नई डायरेक्टर की नियुक्ति पर वोट करेंगे। इन दोनों फैसलों को मंजूरी मिलने से कंपनी को भविष्य के लिए बड़ी फाइनेंशियल फ्लेक्सिबिलिटी मिलेगी। हालाँकि, कंपनी को SEBI के सभी नियमों का सख्ती से पालन करना होगा। साथ ही, स्टील की कीमतों में उतार-चढ़ाव और इकोनॉमी की मौजूदा हालत जैसे रिस्क भी कंपनी के सामने रहेंगे।
कॉम्पिटिशन और आगे की राह
Ratnaveer Precision Engineering का मुकाबला Gala Precision Engineering Ltd और Venus Pipes & Tubes Ltd जैसी कंपनियों से है। निवेशकों की नज़र अब EGM के नतीजों पर रहेगी, साथ ही यह भी देखा जाएगा कि कंपनी इस नए फंड का इस्तेमाल ग्रोथ और एक्सपेंशन के लिए कैसे करती है।
