FY26 के नतीजों में दिखी दमदार परफॉरमेंस
Rajesh Power Services Ltd. (RPSL) के लिए वित्तीय वर्ष 2026 (FY26) एक मजबूत साल रहा। कंपनी ने 31 मार्च, 2026 को समाप्त हुए वित्तीय वर्ष के लिए ₹1,628 करोड़ का रेवेन्यू फ्रॉम ऑपरेशंस दर्ज किया, जबकि इसका प्रॉफिट आफ्टर टैक्स (PAT) ₹143 करोड़ रहा।
FY26 की दूसरी छमाही (H2FY26) में कंपनी की परफॉरमेंस खास तौर पर मजबूत रही। इस दौरान रेवेन्यू 30.45% बढ़कर ₹990 करोड़ रहा, जबकि नेट प्रॉफिट (PAT) 25.91% की उछाल के साथ ₹84 करोड़ तक पहुंच गया।
ऑर्डर बुक में भारी मजबूती और नए सेक्टर्स में एंट्री
कंपनी ने 31 मार्च, 2026 तक ₹3,326 करोड़ का एक बड़ा अन-एक्जीक्यूटेड ऑर्डर बुक (unexecuted order book) हासिल किया है। FY26 के दौरान कंपनी को कुल ₹2,743 करोड़ के नए ऑर्डर्स मिले हैं।
नए ऑर्डर्स में UGVCL से अंडरग्राउंड केबल सिस्टम्स और MVCC के लिए ₹922 करोड़ के टर्नकी ऑर्डर्स शामिल हैं। Rajesh Power ने 400 kV GIS सेगमेंट में भी सफल एंट्री की है, जहाँ से ₹278 करोड़ के ऑर्डर मिले हैं। इसके अलावा, 132kV रेलवे ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट के लिए एक ज्वाइंट वेंचर (Joint Venture) भी बनाया है।
भविष्य के लिए मजबूत नींव
ये नतीजे और नए ऑर्डर्स इंडिया के बढ़ते पावर इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर में RPSL की बढ़ती काबिलियत और मजबूत पोजीशन को दिखाते हैं। कंपनी की स्ट्रेटेजिक डाइवर्सिफिकेशन, खास तौर पर बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम (BESS) और रेलवे ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट्स जैसे हाई-ग्रोथ एरियाज में, और 400 kV GIS सेगमेंट में एंट्री, नए मार्केट के अवसरों को भुनाने की एक प्रोएक्टिव स्ट्रैटेजी को दर्शाती है।
Draft National Electricity Policy (NEP) 2026 के साथ तालमेल, जो कैपेसिटी एक्सपेंशन और ग्रिड रिलायबिलिटी को प्राथमिकता देता है, कंपनी को पॉलिसी सपोर्ट भी दे रहा है। 1971 में स्थापित Rajesh Power Services Ltd. (RPSL) इंडिया के पावर ट्रांसमिशन और डिस्ट्रीब्यूशन (T&D) सेक्टर में एक प्रमुख EPC कॉन्ट्रैक्टर के रूप में उभरी है। कंपनी नवंबर 2024 में ₹335 के IPO प्राइस के साथ पब्लिक हुई थी।
CRISIL ने RPSL की बैंक फैसिलिटीज की रेटिंग को 'CRISIL BBB+/Positive/CRISIL A2' तक अपग्रेड किया है, जो कंपनी की फाइनेंशियल आउटलुक में सुधार का संकेत है। BESS, रेलवे प्रोजेक्ट्स और 400 kV GIS में विस्तार से पारंपरिक पावर T&D के अलावा नए रेवेन्यू स्ट्रीम खुल गए हैं। ₹3,326 करोड़ का ऑर्डर बुक आने वाले सालों के लिए मजबूत रेवेन्यू विजिबिलिटी प्रदान करता है।
निवेशकों के लिए ध्यान देने योग्य बातें
- ₹3,326 करोड़ के ऑर्डर बुक का समय पर एग्जीक्यूशन।
- BESS और रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे नए ग्रोथ सेगमेंट में परफॉरमेंस और ऑर्डर पाइपलाइन।
- नए 400 kV GIS सेगमेंट में सफलता।
- Draft National Electricity Policy (NEP) 2026 का प्रभाव।
- कोर और नए सेगमेंट में भविष्य में ऑर्डर इनफ्लो और मार्केट शेयर में बढ़ोतरी।
