Polyplex Corporation Limited के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने ₹1.10 करोड़ तक के निवेश को मंजूरी दे दी है। इस पूंजी का इस्तेमाल BECIS Solar 1 Private Limited में करीब 26% की हिस्सेदारी हासिल करने के लिए किया जाएगा। इस डील का मुख्य उद्देश्य Polyplex की खतमा और बाजपुर स्थित मैन्युफैक्चरिंग सुविधाओं में सोलर एनर्जी प्रोजेक्ट्स स्थापित करना है।
क्यों कर रही है कंपनी निवेश?
यह रणनीतिक कदम Polyplex की ग्रीन एनर्जी की जरूरतों को पूरा करने और ऑपरेशनल खर्चों (Operational Expenses) को कम करने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। कंपनी सोलर प्रोजेक्ट्स के लिए Opex (ऑपरेटिंग एक्सपेंस) मॉडल अपनाएगी, जिससे लंबी अवधि में लागत में बचत होने की उम्मीद है। इसके अलावा, यह पहल बिजली कानूनों के तहत कैप्टिव पावर की खपत से जुड़े रेगुलेटरी नियमों का अनुपालन भी सुनिश्चित करेगी।
क्या है इंटीग्रेशन की टाइमलाइन?
इस अधिग्रहण की प्रक्रिया पर बारीकी से नजर रखनी होगी, क्योंकि इसमें समझौते पर हस्ताक्षर होने की तारीख से लगभग 365 दिनों का अनुमानित समय लग सकता है। यह सोलर प्रोजेक्ट्स के इंटीग्रेशन के लिए एक लंबी अवधि का संकेत देता है।
इंडस्ट्री में और कौन कर रहा है ऐसा?
बड़े इंडस्ट्रियल प्लेयर्स भी ग्रीन एनर्जी की ओर बढ़ रहे हैं। उदाहरण के लिए, JK Paper Ltd. जैसी कंपनियां अपनी भारी ऊर्जा जरूरतों और पर्यावरणीय प्रभाव को मैनेज करने के लिए रिन्यूएबल एनर्जी सॉल्यूशंस पर काम कर रही हैं। इसी तरह, ग्लोबल मैन्युफैक्चरिंग प्लेयर UPL Ltd. ने भी अपने ऑपरेशंस के लिए रिन्यूएबल एनर्जी में निवेश कर स्थिरता (Sustainability) के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दिखाई है।
BECIS Solar का वित्तीय हाल?
आंकड़ों पर नजर डालें तो, BECIS Solar 1 Private Limited ने फाइनेंशियल ईयर 2024-2025 के दौरान ₹0.37 करोड़ का टर्नओवर दर्ज किया था।
आगे क्या?
निवेशकों के लिए आगे के महत्वपूर्ण कदम होंगे BECIS Solar 1 के साथ शेयर सब्सक्रिप्शन और शेयरहोल्डर्स एग्रीमेंट का निष्पादन, खतमा और बाजपुर प्लांट्स में सोलर पावर जनरेशन के इंटीग्रेशन की प्रगति, और अनुमानित समय-सीमा के भीतर अधिग्रहण के पूरा होने की आधिकारिक घोषणा।
