PNC Infratech ने नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) के साथ आगरा बाईपास प्रोजेक्ट से जुड़े एक पुराने विवाद को सफलतापूर्वक सुलझा लिया है। कंपनी को इस सेटलमेंट के तहत ₹234.99 करोड़ की एक बड़ी रकम मिलने वाली है। यह डील 12 मई 2026 को फाइनल हुई, जब NHAI ने 5 मई 2026 को प्रस्ताव दिया था।
यह सेटलमेंट सरकार की 'विवाद से विश्वास III' स्कीम के तहत किया गया है, जिसका मुख्य उद्देश्य ऐसे सरकारी परियोजनाओं से जुड़े पुराने और लंबित मामलों को निपटाना है।
इस सेटलमेंट से कंपनी को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। यह न केवल पुराने कांट्रैक्ट संबंधी मतभेदों को खत्म करता है, बल्कि कंपनी की वित्तीय स्थिति को भी मजबूत करेगा। उम्मीद है कि इस रकम के आने से PNC Infratech का कैश फ्लो (Cash Flow) बेहतर होगा और मैनेजमेंट भविष्य की परियोजनाओं पर और बेहतर ढंग से ध्यान केंद्रित कर सकेगा।
PNC Infratech भारत की एक प्रमुख इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कंपनी है जो सड़कें, हाईवे और ब्रिज बनाने का काम करती है, और NHAI इसका एक महत्वपूर्ण क्लाइंट रहा है। बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में अक्सर जटिलता, दावों और भुगतान को लेकर विवाद पैदा हो जाते हैं, और 'विवाद से विश्वास' जैसी योजनाएं ऐसे मुद्दों को हल करने में मदद करती हैं।
इस सेक्टर में Larsen & Toubro (L&T), KNR Constructions और HG Infra Engineering जैसी कंपनियां भी NHAI के साथ काम करती हैं और इस तरह के कांट्रैक्ट संबंधी विवादों का सामना करती हैं।
इस सेटलमेंट की खबर के साथ ही, PNC Infratech ने फाइनेंशियल ईयर 2024 की चौथी तिमाही (Q4 FY24) के नतीजे भी जारी किए हैं। कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹2,301.80 करोड़ रहा, जबकि नेट प्रॉफिट (PAT) ₹205.34 करोड़ दर्ज किया गया।
