NHPC Limited के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने 15 मई 2026 को हुई मीटिंग में वित्तीय वर्ष 2025-26 के ऑडिटेड फाइनेंशियल रिजल्ट्स को मंजूरी दे दी है। बोर्ड ने ₹0.21 प्रति इक्विटी शेयर के फाइनल डिविडेंड (Final Dividend) की सिफारिश की है। इसके साथ ही, अंतरिम डिविडेंड को मिलाकर पूरे फाइनेंशियल ईयर के लिए कुल डिविडेंड ₹1.61 प्रति शेयर होगा।
डिविडेंड के अलावा, कंपनी ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए अपनी उधारी (Borrowing) की जरूरतों को पूरा करने के लिए ₹2,000 करोड़ तक के बॉन्ड (Bonds) प्राइवेट प्लेसमेंट के जरिए जुटाने की योजना को भी हरी झंडी दे दी है। कंपनी के ऑडिटर ने फाइनेंशियल स्टेटमेंट्स पर 'अनमॉडिफाइड ओपिनियन' (Unmodified Opinion) जारी किया है, जो कि एक सकारात्मक संकेत है।
कंपनी के बारे में
NHPC भारत की सबसे बड़ी जलविद्युत (Hydropower) डेवलपर कंपनियों में से एक है और रिन्यूएबल एनर्जी सेक्टर में भी इसकी महत्वपूर्ण भूमिका है। एक सरकारी उपक्रम (PSU) होने के नाते, कंपनी का अपने शेयरधारकों को लगातार डिविडेंड देने का ट्रैक रिकॉर्ड रहा है। इसके बड़े प्रोजेक्ट्स और इंफ्रास्ट्रक्चर मैनेजमेंट की वजह से, भविष्य की परिचालन जरूरतों और विस्तार योजनाओं के लिए पूंजी जुटाना रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
आगे क्या?
शेयरधारकों की मंजूरी मिलने के बाद वे फाइनल डिविडेंड के भुगतान की उम्मीद कर सकते हैं। ₹2,000 करोड़ के बॉन्ड जारी करने की योजना, NHPC की आगामी वित्तीय वर्ष की उधारी की जरूरतों को पूरा करने की तैयारी को दर्शाती है।
प्रतिस्पर्धियों से तुलना
FY26 के लिए NHPC का ₹1.61 प्रति शेयर का कुल डिविडेंड, पावर सेक्टर के अन्य प्रमुख खिलाड़ियों जैसे SJVN Ltd, JSW Energy और Tata Power के डिविडेंड और फंड जुटाने की रणनीतियों के साथ देखा जा सकता है।