NALCO के FY26 के नतीजे:
नेशनल एल्युमीनियम कंपनी लिमिटेड (NALCO) ने 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए फाइनेंशियल ईयर के लिए अपने ऑडिटेड नतीजे पेश किए हैं। कंपनी ने ₹5,815.76 करोड़ का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया है, जो पिछले फाइनेंशियल ईयर के ₹5,324.67 करोड़ से 9% ज्यादा है। वहीं, कंपनी का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू ₹17,843.05 करोड़ रहा, जो FY25 के ₹16,787.63 करोड़ से बढ़ा है।
शेयरधारकों को तोहफा: ₹2 का डिविडेंड
NALCO के बोर्ड ऑफ डायरेक्टर्स ने ₹2 प्रति इक्विटी शेयर के तीसरे अंतरिम डिविडेंड को भी मंजूरी दी है। इस डिविडेंड के लिए कुल ₹367.33 करोड़ का भुगतान किया जाएगा। डिविडेंड का भुगतान 30 मई 2026 को होगा, और रिकॉर्ड डेट 8 मई 2026 तय की गई है। भविष्य में सभी डिविडेंड भुगतान केवल इलेक्ट्रॉनिक तरीके से ही किए जाएंगे।
निवेशकों पर असर:
NALCO का यह मजबूत फाइनेंशियल परफॉरमेंस कंपनी की ऑपरेशनल एफिशिएंसी और उसके प्रोडक्ट्स की मांग को दर्शाता है। अंतरिम डिविडेंड की घोषणा शेयरधारकों को रिटर्न देने की कंपनी की प्रतिबद्धता को मजबूत करती है, जो निवेशकों के लिए एक महत्वपूर्ण फैक्टर है।
कंपनी की पृष्ठभूमि:
NALCO, भुवनेश्वर, ओडिशा में स्थित एक भारतीय सरकारी कंपनी (PSU) है, जो मिनिस्ट्री ऑफ माइन्स के तहत काम करती है और 'नवरत्न' स्टेटस रखती है। यह एशिया के सबसे बड़े इंटीग्रेटेड एल्युमीनियम प्रोड्यूसर्स में से एक है, जो बॉक्साइट माइनिंग, एल्युमिना रिफाइनिंग, एल्युमीनियम स्मेल्टिंग और पावर जनरेशन में शामिल है।
शेयरधारक अपडेट और प्रमुख जोखिम:
शेयरधारकों को सलाह दी जाती है कि वे इलेक्ट्रॉनिक डिविडेंड भुगतान के लिए अपने बैंक डिटेल्स अपडेट रखें। कंपनी अपने ज्वाइंट वेंचर, M/s. Utkarsha Aluminium Dhatu Nigam Limited को बंद करने की प्रक्रिया भी आगे बढ़ा रही है, जिसके लिए रेगुलेटरी अप्रूवल का इंतजार है।
प्रमुख जोखिमों में राजस्थान के दो विंड पावर प्लांट्स से रेवेन्यू की पहचान में देरी शामिल है। यह मामला 1 अप्रैल 2019 से एक अनसुलझे पावर परचेज एग्रीमेंट (PPA) के कारण अटका हुआ है और फिलहाल कोर्ट में है। इसके अलावा, 21 नवंबर 2025 से प्रभावी होने वाले नए लेबर कोड्स के वित्तीय प्रभाव हो सकते हैं। NALCO नियमों के अंतिम रूप दिए जाने का इंतजार करते हुए अस्थायी प्रोविजन्स कर रही है।
आगे क्या देखें:
- विंड पावर प्लांट्स के लिए PPA और रेवेन्यू रिकग्निशन पर प्रगति।
- ज्वाइंट वेंचर को बंद करने के लिए रेगुलेटरी क्लीयरेंस।
- नए लेबर कोड्स के वित्तीय प्रभाव और लागू होने की डिटेल्स।
