प्रमोटर का बड़ा दांव: Msafe Equipments में अजय कानोई ने बढ़ाई हिस्सेदारी
Msafe Equipments Limited के प्रमोटर और होल टाइम डायरेक्टर, अजय कुमार कानोई ने कंपनी में अपनी हिस्सेदारी को एक महत्वपूर्ण स्तर तक बढ़ा दिया है। 30 मार्च 2026 को, कानोई ने 67,000 इक्विटी शेयर खरीदे, जिसके लिए उन्होंने कुल ₹73.85 लाख का भुगतान किया। इस खरीद के बाद, उनकी कुल शेयरधारिता बढ़कर 50,99,000 शेयर हो गई है, जो कंपनी की कुल इक्विटी का 25.00% है। यह उनकी पिछली 24.67% हिस्सेदारी से एक उल्लेखनीय वृद्धि है।
प्रमोटर्स द्वारा अपनी हिस्सेदारी बढ़ाना अक्सर निवेशकों के बीच कंपनी की भविष्य की संभावनाओं और उसके मूल्यांकन में मजबूत विश्वास का संकेत माना जाता है। 25% के आंकड़े को पार करना इस बात की पुष्टि करता है कि प्रमोटर कंपनी के विकास पथ के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।
कंपनी का बैकग्राउंड और प्रदर्शन
2019 में स्थापित Msafe Equipments, ऊंचाई सुरक्षा (height-safety) और एक्सेस समाधानों (access solutions) में विशेषज्ञता रखती है। कंपनी स्काफोल्डिंग (scaffolding) और सीढ़ी जैसे महत्वपूर्ण उपकरणों का निर्माण और उन्हें किराए पर देती है। हाल ही में, जनवरी 2026 में, Msafe ने अपना IPO सफलतापूर्वक पूरा किया, जिससे ₹66.42 करोड़ जुटाए गए और कंपनी BSE SME प्लेटफॉर्म पर सूचीबद्ध हुई। वित्तीय वर्ष 2025 (31 मार्च 2025 को समाप्त) के लिए, Msafe ने ₹71.6 करोड़ का रेवेन्यू दर्ज किया था, जबकि पिछले वर्ष कंपनी ने 48% की प्रभावशाली कंपाउंडेड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) हासिल की थी। प्रमोटर अजय कुमार कानोई खुद स्टील उद्योग में 36 वर्षों और स्काफोल्डिंग क्षेत्र में 14 वर्षों का गहरा अनुभव रखते हैं।
वैल्यूएशन और आगे क्या?
वैल्यूएशन के लिहाज से, Msafe Equipments का प्राइस-टू-अर्निंग्स (PE) Ratio 18.1x है। यह भारतीय मशीनरी उद्योग के औसत PE 22.5x से थोड़ा कम है, और प्रतिस्पर्धियों (peer) के औसत PE 16.7x के काफी करीब है, जो इसे एक आकर्षक निवेश विकल्प बना सकता है।
निवेशक भविष्य में प्रमोटरों द्वारा किसी भी अन्य शेयर खरीद-बिक्री पर कड़ी नजर रखेंगे। आगामी तिमाही नतीजों और प्रबंधन की भविष्य की योजनाओं पर की गई टिप्पणियां कंपनी के प्रदर्शन को समझने में महत्वपूर्ण होंगी।
