HPCL से मिला बड़ा बूस्ट!
Hindustan Petroleum Corporation Limited (HPCL) जैसे बड़े सरकारी उपक्रम (PSU) से मिला यह बड़ा अवार्ड Likhitha Infrastructure के लिए एक महत्वपूर्ण पड़ाव है। कंपनी ₹72.15 करोड़ (GST को छोड़कर) के इस प्रोजेक्ट के तहत क्रॉस-कंट्री पाइपलाइन बिछाने और अन्य ज़रूरी सुविधाओं का निर्माण करेगी। इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 12 महीने की समय-सीमा तय की गई है। यह कॉन्ट्रैक्ट Likhitha Infrastructure की तकनीकी क्षमता और देश के एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने में उसकी भूमिका को साबित करता है।
ऑर्डर बुक को मिलेगी मजबूती
इस नए प्रोजेक्ट से कंपनी की ऑर्डर बुक सीधे तौर पर मजबूत होगी और आने वाले फाइनेंशियल ईयर में रेवेन्यू में सकारात्मक योगदान की उम्मीद है। Likhitha Infrastructure, जो 1998 में स्थापित हुई थी, ऑयल और गैस पाइपलाइन इंफ्रास्ट्रक्चर में माहिर है। इसके मुख्य कामों में क्रॉस-कंट्री पाइपलाइन्स, सिटी गैस डिस्ट्रीब्यूशन (CNG स्टेशन सहित), और ऑपरेशन व मेंटेनेंस (O&M) सेवाएं शामिल हैं।
कंपनी का ONGC, GAIL, और IOCL जैसी बड़ी सरकारी कंपनियों के साथ प्रोजेक्ट्स पर काम करने का इतिहास रहा है, जो सेक्टर में उसकी मजबूत पकड़ को दर्शाता है। जुलाई 2023 तक, Likhitha की ऑर्डर बुक लगभग ₹2,000 करोड़ आंकी गई थी, जबकि FY23 का रेवेन्यू ₹365 करोड़ था।
भविष्य की राह
यह नवीनतम कॉन्ट्रैक्ट अगले 12-18 महीनों के लिए Likhitha की रेवेन्यू विजिबिलिटी को बढ़ाएगा। भारत के एनर्जी सेक्टर के प्रमुख खिलाड़ी HPCL के साथ संबंध विकसित होने से भविष्य में और भी बड़े सहयोग के रास्ते खुल सकते हैं। अब कंपनी का ऑपरेशनल फोकस इस पाइपलाइन प्रोजेक्ट के कुशल और समय पर निष्पादन पर रहेगा। 12 महीने की समय-सीमा के भीतर काम पूरा करना रेवेन्यू रिकग्निशन और प्रॉफिटेबिलिटी के लिए महत्वपूर्ण होगा।
यह इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर काफी कॉम्पिटिटिव है, जिसमें Kalpataru Projects International और Welspun Corp जैसी कंपनियां भी इसी तरह के कामों में लगी हुई हैं, जिनके पास इंडस्ट्री की विशाल मांगों को दर्शाने वाली महत्वपूर्ण ऑर्डर बुक है।
