L&T के मुनाफे का लेखा-जोखा
Larsen & Toubro (L&T) ने 31 मार्च 2026 को समाप्त हुए वित्त वर्ष (FY26) के अपने कंसोलिडेटेड वित्तीय नतीजे पेश किए हैं। कंपनी का कुल रेवेन्यू पिछले साल के मुकाबले 12.23% की उछाल के साथ ₹2,91,635.04 करोड़ तक पहुंच गया। वहीं, शेयरधारकों को मिलने वाला नेट प्रॉफिट 7.30% बढ़कर ₹18,963.88 करोड़ रहा। प्रति शेयर आय (EPS) ₹116.93 दर्ज की गई।
रिकॉर्ड ऑर्डर बुक से भविष्य की मजबूती
L&T के लिए सबसे बड़ी खुशखबरी ₹7,40,327 करोड़ की अब तक की सबसे बड़ी कंसोलिडेटेड ऑर्डर बुक है। यह भारी-भरकम ऑर्डर बुक कंपनी को आने वाले समय में लगातार रेवेन्यू की मजबूती का भरोसा दिलाती है।
स्टैंडअलोन नतीजों पर पड़ा असर
हालांकि, कंपनी के स्टैंडअलोन नतीजों में कुछ बड़े खर्चों का असर दिखा है। कुल इनकम ₹1,61,038.62 करोड़ रही, लेकिन मुनाफा घटकर ₹6,287.13 करोड़ रह गया। इसका मुख्य कारण हैदराबाद मेट्रो रेल प्रोजेक्ट (LTMRHL) में ₹6,013 करोड़ के निवेश का राइट-डाउन (Write-down) और कर्मचारी लाभों के लिए ₹1,155 करोड़ का एकमुश्त प्रोविजन (Provision) रहा।
तिमाही नतीजे भी रहे शानदार
मार्च 2026 को समाप्त हुई चौथी तिमाही (Q4 FY26) में कंपनी का कंसोलिडेटेड टोटल इनकम 11.67% बढ़कर ₹84,340.75 करोड़ रहा। इस तिमाही में कंसोलिडेटेड प्रॉफिट ₹5,325.60 करोड़ दर्ज किया गया।
निवेशकों के लिए खास
कंपनी ने शेयरधारकों के लिए ₹38 प्रति शेयर के फाइनल डिविडेंड (Dividend) का प्रस्ताव रखा है, जो पिछले साल के ₹34 से ज्यादा है। यह प्रबंधन का कंपनी की भविष्य की संभावनाओं पर भरोसा दिखाता है।
