LMW Ltd के शेयरधारकों के लिए एक अहम समय सीमा नज़दीक आ रही है। 28 अगस्त 2026 की डेडलाइन के बाद, जिन शेयरधारकों के डिविडेंड सात सालों से unclaimed हैं, उनके शेयर Investor Education and Protection Fund (IEPF) में ट्रांसफर कर दिए जाएंगे।
यह नियम Companies Act, 2013 की धारा 124 के तहत आता है। इस कानून के अनुसार, डिविडेंड की नियत तारीख से सात साल तक यदि कोई राशि unclaimed रहती है, तो कंपनी को उसे IEPF में जमा कराना होता है। यह फंड निवेशकों में जागरूकता और शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए सरकार द्वारा स्थापित किया गया है।
शेयरधारकों से खास तौर पर यह अपील की गई है कि वे अपना unpaid dividend, विशेष रूप से 2018-19 के लिए घोषित फाइनल डिविडेंड का दावा जल्द से जल्द करें। 28 अगस्त 2026 की अंतिम तिथि तक क्लेम जमा न करने पर, संबंधित शेयरों पर स्वामित्व के अधिकार समाप्त हो सकते हैं, जिससे निवेशकों को स्थायी नुकसान हो सकता है।
यह unclaimed डिविडेंड और शेयरों को IEPF में ट्रांसफर करने की प्रक्रिया भारत की सभी सूचीबद्ध कंपनियों (listed companies) के लिए एक मानक अनुपालन (compliance) है, जिस पर SEBI के नियमों के तहत पारदर्शिता और Due Diligence सुनिश्चित किया जाता है।
अपने हक़ का डिविडेंड पाने और अपने शेयर बनाए रखने के लिए, शेयरधारकों को LMW Ltd के साथ तुरंत क्लेम प्रक्रिया शुरू करनी चाहिए। 28 अगस्त 2026 की डेडलाइन के बाद, LMW Ltd संबंधित शेयरों को IEPF में ट्रांसफर करने की प्रशासनिक कार्रवाई शुरू कर देगा।
