शेयरधारकों के लिए खास मौका!
Kirloskar Ferrous Industries Limited (KFIL) अपने शेयरधारकों के लिए एक बड़ा कदम उठा रही है। कंपनी Investor Education and Protection Fund Authority (IEPF) के साथ मिलकर 'Saksham Niveshak' नाम का एक खास कैंपेन चला रही है। यह कैंपेन 1 अप्रैल 2026 से 9 जुलाई 2026 तक चलेगा।
क्या है इस कैंपेन का मकसद?
इस पहल का मुख्य उद्देश्य उन शेयरधारकों की मदद करना है जिन्होंने अपना डिविडेंड (dividend) क्लेम नहीं किया है। KFIL अपने शेयरधारकों से आग्रह कर रही है कि वे जल्द से जल्द अपनी Know Your Customer (KYC) डिटेल्स अपडेट कर लें। ऐसा करने से उनका अनक्लेम्ड डिविडेंड ट्रांसफर होने से बच जाएगा और उन्हें सीधे मिल सकेगा।
ध्यान देने योग्य बातें:
Kirloskar Industries Ltd (KIL) की प्रमुख सहायक कंपनी KFIL, IEPF अथॉरिटी के साथ मिलकर 100 दिनों तक चलने वाले इस कैंपेन में सक्रिय रूप से भाग लेगी। शेयरधारकों के लिए 9 जुलाई 2026 तक अपनी KYC डिटेल्स कंपनी के रजिस्ट्रार एंड शेयर ट्रांसफर एजेंट (RTA) या अपने डिपोजिटरी पार्टिसिपेंट (DP) के पास अपडेट करवाना अनिवार्य है। समय पर KYC अपडेट न होने पर, वे अपना डिविडेंड खो सकते हैं, क्योंकि ये फंड्स निष्क्रियता के कारण IEPF खाते में ट्रांसफर कर दिए जाएंगे।
KFIL और IEPF का काम:
Kirloskar Ferrous Industries (KFIL) मुख्य रूप से ऑटोमोटिव, ट्रैक्टर और डीजल इंजन सेक्टर्स के लिए पिग आयरन और ग्रे आयरन कास्टिंग बनाती है। वहीं, IEPF अथॉरिटी, मिनिस्ट्री ऑफ कॉरपोरेट अफेयर्स के तहत काम करती है और निवेशकों की शिक्षा व सुरक्षा के लिए ऐसे कैंपेन चलाती है। कंपनी अधिनियम के अनुसार, सात साल तक अनक्लेम्ड रहने वाले डिविडेंड और शेयर्स को IEPF में ट्रांसफर कर दिया जाता है।
निवेशक क्या करें?
शेयरधारकों को सलाह दी जाती है कि वे 9 जुलाई 2026 की समय सीमा से पहले अपना पैन (PAN), बैंक खाता विवरण और संपर्क जानकारी अपडेट करवाना सुनिश्चित करें।
ग्रुप का बैकग्राउंड:
यह ध्यान देने योग्य है कि Kirloskar Industries और इसके समूह की कंपनियों का कॉर्पोरेट गवर्नेंस से जुड़ा कुछ पिछला इतिहास रहा है, जिसमें Kirloskar Brothers Ltd (KBL) में कथित कुप्रबंधन और बोर्ड स्वतंत्रता की कमी को लेकर कानूनी विवाद शामिल हैं। हालांकि, यह कैंपेन पूरी तरह से शेयरधारक सेवाओं से संबंधित है।
