Kilburn Engineering ने 24 मार्च 2026 को यह जानकारी दी कि उन्हें कुल ₹54.58 करोड़ के नए ऑर्डर मिले हैं। कंपनी ने ₹19.85 करोड़ के Rotary Dryers के लिए बड़े कॉन्ट्रैक्ट हासिल किए हैं, और ₹15.00 करोड़ के Paddle Dryers और Coolers भी ऑर्डर किए गए हैं।
इसके अलावा, ₹9.12 करोड़ के VFBDs और Band Dryers के ऑर्डर मिले हैं, और Tea Dryers के लिए ₹2.65 करोड़ के ऑर्डर प्राप्त हुए हैं। कंपनी को सेवाओं (Services) और स्पेयर पार्ट्स (Spares) से ₹7.96 करोड़ मिले हैं। Kilburn Engineering ने इस बात की पुष्टि की है कि ये नए ऑर्डर कंपनी की नियमित व्यावसायिक गतिविधियों का हिस्सा हैं।
ये मिले-जुले ऑर्डर (Diversified Wins) अलग-अलग इंडस्ट्रीज में Kilburn के स्पेशलाइज्ड प्रोसेस इक्विपमेंट की मजबूत और लगातार बनी हुई डिमांड को दर्शाते हैं। इन ऑर्डरों से कंपनी की ऑर्डर बुक (Order Book) मजबूत होने और आने वाले समय में रेवेन्यू विजिबिलिटी (Revenue Visibility) बेहतर होने की उम्मीद है। यह कंपनी को उसके खास सेगमेंट में मार्केट पोजीशन को और मजबूत करता है।
कंपनी का ऑर्डर जीतने का इतिहास भी काफी मजबूत रहा है। नवंबर 2025 में, कंपनी ने ₹88 करोड़ के ऑर्डर हासिल किए थे, जिसमें Heavy Water Board के लिए ₹37.32 करोड़ का प्रोजेक्ट भी शामिल था। जनवरी 2026 में मिले हालिया ऑर्डरों में ₹58 करोड़ और ₹58.22 करोड़ शामिल थे, जिनमें कार्बन ब्लैक इंडस्ट्री में इस्तेमाल होने वाले रोटरी ड्रायर के लिए बड़े सौदे थे। Kilburn Engineering ने फरवरी 2024 में ME Energy Private Ltd का अधिग्रहण करके अपने वेस्ट हीट रिकवरी सिस्टम (Waste Heat Recovery Systems) की पेशकशों का विस्तार भी किया है।
बड़े इंडस्ट्रियल इक्विपमेंट प्लेयर्स जैसे Bharat Heavy Electricals Limited (BHEL), Larsen & Toubro (L&T), और Thermax Limited की तुलना में, Kilburn के ऑर्डर वैल्यू में भले ही छोटे हों, लेकिन अपने स्पेशलाइज्ड मार्केट के लिए ये काफी महत्वपूर्ण हैं। उदाहरण के लिए, BHEL ने हाल ही में ₹13,000–15,000 करोड़ तक के ऑर्डर हासिल किए हैं, जबकि L&T के ऑर्डर आमतौर पर ₹1,000–2,500 करोड़ के होते हैं, और Thermax ने तिमाही बुकिंग ₹3,080 करोड़ दर्ज की थी।
31 दिसंबर 2025 तक, Kilburn Engineering की ऑर्डर बैक लॉग (Order Backlog) लगभग ₹495 करोड़ थी। इसी तारीख तक कंपनी ने ₹70 करोड़ के अतिरिक्त जीत या लेटर ऑफ इंटेंट (Letters of Intent - LOI) की भी रिपोर्ट की थी। Kilburn के पास विभिन्न सेगमेंट में लगभग ₹4,000 करोड़ की पूछताछ (Inquiry Pipeline) का एक स्वस्थ प्रवाह है, जो भविष्य में ग्रोथ की संभावनाओं को दर्शाता है। मैनेजमेंट ने फाइनेंशियल ईयर FY26 के लिए ₹625–650 करोड़ के अनुमानित रेवेन्यू और फाइनेंशियल ईयर FY27–28 के लिए 25% कंपाउंड एनुअल ग्रोथ रेट (CAGR) का लक्ष्य रखा है, जो इस स्थिर इनफ्लो के साथ हासिल किया जा सकता है।
निवेशकों के लिए निगरानी रखने योग्य मुख्य पहलू इन नए ऑर्डरों के निष्पादन (Execution Timeline) का समय, मोमेंटम बनाए रखने के लिए भविष्य में ऑर्डर का आना, और रेवेन्यू व ग्रोथ लक्ष्यों को प्राप्त करने की दिशा में प्रगति हैं। इसकी अधिग्रहीत सहायक कंपनी, ME Energy का योगदान भी ट्रैक करना महत्वपूर्ण होगा।
