मार्च 27, 2026 को हुई Kalind Limited की एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी जनरल मीटिंग (EOGM) में शेयरहोल्डर्स ने सभी अहम प्रस्तावों पर अपनी मुहर लगा दी। कुल 3,61,42,726 वोट डाले गए, जो आउटस्टैंडिंग शेयर्स का 29.6519% था। इस मीटिंग में 42 शेयरहोल्डर्स ने हिस्सा लिया।
मीटिंग में श्री विशाल पाटिल को नॉन-एग्जीक्यूटिव इंडिपेंडेंट डायरेक्टर और श्रीमती केतनबेन जसानी को नॉन-एग्जीक्यूटिव नॉन-इंडिपेंडेंट डायरेक्टर के तौर पर नियुक्त किया गया। इसके अलावा, D G K T & CO LLP को स्टेट्यूटरी ऑडिटर (Statutory Auditors) के रूप में भी चुना गया।
शेयरहोल्डर्स ने कंपनी के कॉरपोरेट पावर्स (Corporate Powers) को भी बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। इसमें कंपनी की बरोइंग लिमिट (Borrowing Limit) बढ़ाना, लोन (Loans) देने, गारंटी (Guarantees) देने, सिक्योरिटी (Securities) जारी करने, निवेश (Investments) करने और कंपनी की संपत्तियों (Assets) को बेचने जैसे फैसले शामिल हैं।
ये फैसले कंपनी के गवर्नेंस (Governance) को मजबूत करेंगे और नई दिशा देंगे। नए डायरेक्टर्स की नियुक्ति से कंपनी को नई सोच मिलने की उम्मीद है। वहीं, कॉरपोरेट एक्शन के लिए मिली व्यापक मंजूरी मैनेजमेंट को बिजनेस के अवसर तलाशने, फाइनेंस मैनेज करने और ऑपरेशंस को बेहतर बनाने में मदद करेगी। बढ़ी हुई बरोइंग लिमिट से Kalind Limited को भविष्य की परियोजनाओं या वर्किंग कैपिटल की जरूरतों के लिए अतिरिक्त कैपिटल जुटाने में आसानी होगी।
Kalind Limited, जिसे पहले Kalandi Infrastructure Limited के नाम से जाना जाता था, इंफ्रास्ट्रक्चर और कंस्ट्रक्शन सेक्टर में काम करती है। कंपनी के हालिया नाम बदलने से ऐसा लगता है कि यह अपने बिजनेस के लक्ष्यों के साथ कंपनी की पहचान को और बेहतर तरीके से जोड़ने की कोशिश कर रही है।
