Interarch Building Solutions Limited के शेयरधारकों ने 27 मार्च 2026 को पोस्टल बैलेट के ज़रिये हुए मतदान में कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर अंतिम मुहर लगा दी है। इनमें Mr. Manish Kumar Garg की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के पद पर नियुक्ति को औपचारिक रूप देना और ₹100 करोड़ तक का फंड जुटाने के लिए Qualified Institutions Placement (QIP) की अनुमति देना शामिल है।
Mr. Garg, जो पहले से ही कंपनी के CEO के तौर पर अपनी सेवाएं दे रहे थे, की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर के रूप में औपचारिक नियुक्ति से कंपनी के शीर्ष नेतृत्व को मजबूती मिलेगी और रणनीतिक निरंतरता का संकेत मिलेगा। वहीं, मंजूर किया गया QIP, Institutional Investors से कंपनी को महत्वपूर्ण पूंजी प्रदान करेगा। यह पूंजी कंपनी की क्षमता विस्तार (Capacity Expansion) की योजनाओं को पूरा करने और प्री-इंजीनियर्ड बिल्डिंग सेक्टर (Pre-engineered Building Sector) में बाजार के अवसरों का लाभ उठाने के लिए बेहद जरूरी है।
1983 में स्थापित Interarch Building Solutions, भारत के प्री-इंजीनियर्ड स्टील कंस्ट्रक्शन (PEB) सेक्टर की एक प्रमुख कंपनी है। कंपनी ने अगस्त 2024 में अपना IPO लॉन्च किया था। Mr. Manish Kumar Garg अगस्त 2021 से Interarch के CEO हैं और उसी वर्ष से अतिरिक्त एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर (Additional Executive Director) का पद भी संभाल रहे थे।
हाल ही में, कंपनी ने फाइनेंशियल ईयर 2025-26 की तीसरी तिमाही (Q3 FY26) के शानदार नतीजे पेश किए हैं। इस तिमाही में कंपनी का रेवेन्यू सालाना आधार पर 44% बढ़कर ₹522.5 करोड़ पर पहुंच गया, जबकि नेट प्रॉफिट (Profit After Tax - PAT) 32% की बढ़ोतरी के साथ ₹37.3 करोड़ दर्ज किया गया। जनवरी 2026 तक कंपनी का ऑर्डर बुक लगभग ₹1,685 करोड़ का मजबूत था। QIP से जुटाई जाने वाली राशि का इस्तेमाल मुख्य रूप से गुजरात में भूमि अधिग्रहण और आंध्र प्रदेश में फेज 2 के विकास जैसे क्षमता विस्तार प्रोजेक्ट्स के लिए किया जाएगा, न कि वर्किंग कैपिटल के लिए।
शेयरधारकों के इन फैसलों के बाद, निवेशक अब QIP की शर्तों, वैल्यूएशन और उसके अमल होने की समय-सीमा पर बारीकी से नज़र रखेंगे। इसके साथ ही, गुजरात और आंध्र प्रदेश में नई मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स के विकास की प्रगति, नए ऑर्डर्स का आना और मौजूदा ऑर्डर बुक के निष्पादन की दरें भी महत्वपूर्ण होंगी।
हालांकि, कंपनी ₹9.55 करोड़ के MSME Facilitation Council के एक दावे का सामना कर रही है, जिस पर वह अपना पक्ष रख रही है। इसके अलावा, अगस्त 2025 में इनकम टैक्स विभाग की एक तलाशी (Income Tax search) हुई थी, जिसमें कोई खास बड़े समायोजन (material adjustments) नहीं पाए गए थे।
Interarch Building Solutions, Kirby Building Systems, Larsen & Toubro Ltd. और NBCC (India) Ltd. जैसी कंपनियों के साथ प्रतिस्पर्धी प्री-इंजीनियर्ड बिल्डिंग (PEB) बाजार में काम करती है, और यह खुद को इस सेगमेंट में दूसरा सबसे बड़ा प्लेयर बताती है।
