INOX India ने फाइनेंशियल ईयर 2026 (FY26) में ₹1,632 करोड़ का रिकॉर्ड रेवेन्यू हासिल किया है, जो पिछले साल के मुकाबले 21.2% की शानदार बढ़त दर्शाता है। कंपनी के लिए चौथा क्वार्टर (Q4 FY26) भी मजबूत रहा, जिसमें रेवेन्यू 24.2% बढ़कर ₹475 करोड़ हो गया।
एडजस्टेड EBITDA में 20.2% की साल-दर-साल बढ़त के साथ यह ₹388 करोड़ दर्ज किया गया, वहीं एडजस्टेड नेट प्रॉफिट (PAT) 19.3% बढ़कर ₹261 करोड़ रहा।
कंपनी की एक्सपोर्ट परफॉर्मेंस इस बार रिकॉर्ड तोड़ रही। FY26 में एक्सपोर्ट से कुल ₹971 करोड़ का रेवेन्यू आया, जो कंपनी के कुल रेवेन्यू का 59% रहा। Q4 FY26 में एक्सपोर्ट का योगदान ₹291 करोड़ रहा, जो उस क्वार्टर के रेवेन्यू का 61% था।
कंपनी ने Q4 FY26 में ₹504 करोड़ के नए ऑर्डर हासिल करके अपनी ऑर्डर बुक को ₹1,514 करोड़ तक पहुंचा दिया है। इन ऑर्डर्स में अमेरिका की एक बड़ी एयरोस्पेस कंपनी के लिए बड़े क्रायोजेनिक स्टोरेज टैंक का ऑर्डर और LNG मरीन फ्यूल टैंक के लिए कॉन्ट्रैक्ट्स शामिल हैं।
भविष्य की मांग को पूरा करने के लिए INOX India गुजरात के कंदला में एक नई मैन्युफैक्चरिंग फैसिलिटी स्थापित करने की योजना बना रही है। यह कदम कंपनी की क्षमता विस्तार की रणनीति का हिस्सा है।
शेयरधारकों के लिए एक अच्छी खबर यह है कि कंपनी ने FY26 के लिए ₹2 प्रति शेयर के डिविडेंड की सिफारिश की है, जो शेयरधारकों की मंजूरी पर निर्भर करेगा।
कंपनी का मानना है कि एयरोस्पेस और LNG मरीन फ्यूल जैसे तेजी से बढ़ते सेक्टर्स में उसकी पैठ कंपनी के भविष्य के रेवेन्यू ग्रोथ के लिए महत्वपूर्ण साबित होगी। मजबूत ऑर्डर बुक भविष्य की कमाई के लिए अच्छी विजिबिलिटी प्रदान करती है।
मार्केट में INOX India का मुकाबला Linde India जैसी कंपनियों से है। FY26 में INOX India का रेवेन्यू ₹1,632 करोड़ रहा, जबकि Linde India का FY23 में रेवेन्यू करीब ₹2,400 करोड़ था।
