बोर्ड में बड़े बदलाव
INDO SMC Ltd के निवेशकों के लिए एक अहम खबर आई है। कंपनी ने अपने बोर्ड में फेरबदल किया है। अर्पणकुमार पटेल को 5 साल की अवधि के लिए गैर-कार्यकारी, स्वतंत्र डायरेक्टर (Non-Executive, Independent Director) के तौर पर नियुक्त किया गया है। यह नियुक्ति 7 अप्रैल, 2026 से प्रभावी होगी।
इस्तीफे का कारण
इसी के साथ, चिन्तन उमेशभाई भट्ट ने स्वतंत्र डायरेक्टर पद से इस्तीफा दे दिया है, जो 6 अप्रैल, 2026 से लागू हुआ। भट्ट ने कंपनी के कामकाज पर पूरा ध्यान न दे पाने की वजह से यह निर्णय लिया है।
कमेटियों का पुनर्गठन
इन नियुक्तियों और इस्तीफे के मद्देनजर, INDO SMC ने अपनी मुख्य बोर्ड कमेटियों – ऑडिट कमेटी (Audit Committee), नॉमिनेशन एंड रेमुनरेशन कमेटी (Nomination and Remuneration Committee) और स्टेकहोल्डर्स रिलेशनशिप कमेटी (Stakeholders Relationship Committee) का भी पुनर्गठन किया है।
नई जिम्मेदारियां
नियुक्त किए गए नए डायरेक्टर अर्पणकुमार पटेल अब ऑडिट कमेटी और नॉमिनेशन एंड रेमुनरेशन कमेटी के चेयरमैन (Chairman) की भूमिका संभालेंगे। साथ ही, वे स्टेकहोल्डर्स रिलेशनशिप कमेटी के सदस्य भी होंगे।
क्यों महत्वपूर्ण है यह?
कॉर्पोरेट गवर्नेंस (Corporate Governance) के लिहाज से बोर्ड में ऐसे बदलाव बेहद अहम होते हैं। एक स्वतंत्र डायरेक्टर की नियुक्ति बोर्ड की निगरानी क्षमताओं को मजबूत करती है और कंपनी को नई दिशा दे सकती है। वहीं, डायरेक्टर्स की उपलब्धता और प्रभावी कार्यभार प्रबंधन भी कंपनी के सुचारू संचालन के लिए महत्वपूर्ण होता है।
कंपनी का प्रोफाइल
INDO SMC Limited, जो सितंबर 2021 में स्थापित हुई थी, मुख्य रूप से इलेक्ट्रिकल उपकरण, जैसे एनर्जी मीटर और पावर डिस्ट्रीब्यूशन स्विचगियर के लिए एनक्लोजर बॉक्स (Enclosure Boxes) बनाने का काम करती है। कंपनी ने पिछले फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) यानी 31 मार्च 2025 को समाप्त हुए वर्ष में ₹139 करोड़ का शानदार रेवेन्यू (Revenue) दर्ज किया। पिछले एक साल में इसके रेवेन्यू में 395% का जबरदस्त सी.ए.जी.आर. (CAGR) यानी कंपाउंडेड एनुअल ग्रोथ रेट (Compounded Annual Growth Rate) दर्ज किया गया है। कंपनी हाल ही में अपना आई.पी.ओ. (IPO) भी पूरा कर चुकी है।
