SEBI के नियमों का पालन: ट्रेडिंग विंडो पर लगी रोक
SEBI के इनसाइडर ट्रेडिंग (Insider Trading) नियमों का पालन करते हुए, Grindwell Norton Limited ने एक अहम फैसला लिया है। कंपनी ने 1 अप्रैल, 2026 से अपने खास कर्मचारियों और अंदरूनी लोगों के लिए शेयर ट्रेडिंग विंडो को अस्थायी रूप से बंद कर दिया है।
यह पाबंदी तब तक लागू रहेगी जब तक कंपनी 31 मार्च, 2026 को समाप्त होने वाले फाइनेंशियल ईयर (Financial Year) के लिए अपने ऑडिटेड वित्तीय नतीजों (Audited Financial Results) की घोषणा नहीं कर देती। नतीजों की घोषणा के 48 घंटे बाद ही यह विंडो फिर से खुलेगी।
क्यों उठाया गया ये कदम?
इस कदम का मुख्य उद्देश्य अनपब्लिश्ड प्राइस-सेंसिटिव इन्फॉर्मेशन (Unpublished Price-Sensitive Information) के दुरुपयोग को रोकना और शेयर बाजार में निष्पक्षता बनाए रखना है। इस दौरान, कंपनी के डायरेक्टर्स, ऑफिसर्स और अन्य नामित कर्मचारी Grindwell Norton के शेयर्स की खरीद-बिक्री नहीं कर पाएंगे। हालांकि, आम निवेशक (Public Shareholders) सामान्य रूप से शेयर खरीद या बेच सकेंगे।
हालिया प्रदर्शन पर एक नज़र
हालिया प्रदर्शन की बात करें तो, 31 दिसंबर, 2025 को समाप्त हुई तीसरी तिमाही में Grindwell Norton का कंसोलिडेटेड रेवेन्यू (Consolidated Revenue) ₹752.79 करोड़ रहा, जो पिछले साल की तुलना में 7.14% ज्यादा है। वहीं, कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट (Consolidated Net Profit) ₹95.58 करोड़ दर्ज किया गया, जिसमें 8.65% की बढ़ोतरी हुई। पिछले फाइनेंशियल ईयर 2024-25 में कंपनी का कुल रेवेन्यू ₹2,812 करोड़ और नेट प्रॉफिट ₹371 करोड़ था।
आगे क्या?
ट्रेडिंग विंडो का बंद होना भारतीय सूचीबद्ध कंपनियों के लिए एक सामान्य प्रक्रिया है, जो अक्सर वित्तीय नतीजों या अन्य महत्वपूर्ण खुलासों से पहले की जाती है। अब निवेशकों और विश्लेषकों की निगाहें कंपनी के FY26 के फाइनल फाइनेंशियल नतीजों पर टिकी रहेंगी। नतीजों की घोषणा की तारीख ही बताएगी कि ट्रेडिंग विंडो कब दोबारा खुलेगी।